मिर्जापुर। अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी जितेंद्र मिश्रा की अदालत ने दहेज हत्या मामले में गवाही के लिए कोर्ट में हाजिर नहीं हो रहे तत्कालीन सीओ नक्सल केपी सिंह के खिलाफ बुधवार को गैर जमानती वारंट जारी किया। केपी सिंह इस समय बलिया में सीओ पद पर तैनात हैं। जज ने पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखकर गवाही के लिए कोर्ट में पेश न होने तक सीओ केपी सिंह का वेतन रोकने का आदेश दिया है। साथ ही वेतन रोकने के लिए वरिष्ठ कोषाधिकारी बलिया को भी पत्र भेजा है।
मड़िहान थाना क्षेत्र में महिला की दहेज उत्पीड़न में हत्या के बाद एफटीसी प्रथम के न्यायालय में राज्य बनाम सुनील वगैरह के खिलाफ 2017 से मुकदमा चल रहा है। आरोपी पति सुनील जेल में बंद है। मामले में तत्कालीन सीओ नक्सल केपी सिंह विवेचक थे। उनका स्थानांतरण बलिया जिले में हो गया है। जहां पर वह सीओ बलिया के पद पर तैनात है। मामले में सीओ केपी सिंह गवाही के लिए प्रस्तुत नहीं हो रहे है। साक्ष्य के अभाव में मामले का निस्तारण नहीं हो पा रहा है। गवाही के लिए कोर्ट में हाजिर न होने पर अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी जितेंद्र मिश्रा की अदालत ने सीओ केपी सिंह के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया है। पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखकर तीन फरवरी 2020 तक गवाही के लिए कोर्ट में उपस्थित कराने के लिए कहा और गवाही पूर्ण न होने तक वेतन रोकने का आदेश दिया।