चैत्र नवरात्र मेला के समाप्त होते ही विंध्याचल की साफ-सफाई व्यवस्था ध्वस्त हो गई है। मेले के बाद विंध्य क्षेत्र के गंगा घाटों सहित प्रमुख गलियों व सड़काें पर जगह-जगह कूड़े फैले हैं। नवरात्र मेले में पालिका प्रशासन की तरफ से 275 सफाई कर्मी तैनात किए गए थे, जो शनिवार को कम ही दिखे, जो सफाई दिखी वह गृहमंत्री राजनाथ सिंह के आगमन के मद्देनजर था।
नवरात्र मेले के पूर्व बैठक में जिलाधिकारी ने नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी को सख्त हिदायत दी थी कि सभी सफाई कर्मियों की ड्यूटी चैत्र पूर्णिमा तक लगाई जाएगी, लेकिन शनिवार को विंध्यधाम क्षेत्र में गिने-चुने ही सफाई कर्मी दिखाई दिए। शनिवार को केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह के आगमन के मद्देनजर विंध्यधाम क्षेत्र में कुछ मार्गों पर साफ-सफाई तो कराई गई थी, लेकिन वह भी नाकाफी दिखाई दे रही थी।
विंध्याचल के पक्काघाट, गुदाराघाट, इमलीघाट, कच्चाघाट, दीवानघाट, रामगया घाट सहित कई अन्य घाटों पर जगह-जगह मालाफूल व गंदगी का साम्राज्य फैला हुआ है, जिससे स्नान करने वाले स्नानार्थियों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। गंगा जल में बह रहे माला-फूल व गंदगी के चलते भक्तजन परेशान नजर आए। विंध्यधाम क्षेत्र की न्यू वीआईपी और पुरानी वीआईपी रोड सहित थाना गली, गंगा घाट गली, जैपुरिया गली, बच्चा पाठक की गली, होटल रत्नाकर गली सहित कई अन्य गलियों में सफाई जरूर दिखी।
कालीखोह और अष्टभुजा क्षेत्र में गंदगी फैली हुई है, जहां जगह-जगह फैले माला-फूल व कूड़ा-करकट के चलते आस्थावानों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। विंध्याचल के प्रमुख चौराहों की पटरियों सहित रोडवेज बस स्टैंड व प्राइवेट बस स्टैंड परिसर में फैले कूड़ा-करकट को नहीं हटाए जा रहा है, जिसका खामियाजा दूरदराज से आने वाले भक्तों को भुगतना पड़ रहा है।