मुख्यमंत्री आदित्य नाथ योगी के आदेश के बाद जनपद के ग्रामीण अंचलों में बिजली आपूर्ति में सुुधार तो हुआ है, लेकिन आपूर्ति रोस्टर अनुसार नहीं हो रहा है। जिले के लालगंज, मड़िहान व चुनार तहसील क्षेत्रों में जर्जर विद्युत तारों के सहारे आपूर्ति कराई जा रही है। कहीं अंधाधुंध कटौती से लोग परेशान हैं तो कहीं रात के समय आपूर्ति होने से लोग अब चैन की नींद सो रहे हैं।
मड़िहान संवाददाता के अनुसार वर्तमान समय में उपभोक्ताओं को 14 से 16 घंटे बिजली मिल रही है, लेकिन रोस्टर अनुसार बिजली की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। ओवरलोड होने पर बिजली टि््रिप कर जा रही है। उपभोक्ताओं ने मांग किया है कि रोस्टर अनुसार बिजली की आपूर्ति की जाए। विद्युत सब स्टेशन मड़िहान बाजार में 10-10 एमवीए को दो ट्रांसफार्मर लगा है, लेकिन इलाके में लगे जर्जर तारों से विद्युत आपूर्ति कराई जा रही है, जिसके कारण आए दिन तार टूटकर नीचे गिर जा रहा है, जिससे आपूर्ति ठप हो जा रही है।
लालगंज संवाददाता के अनुसार सूबे के मुख्यमंत्री आदित्य नाथ योगी के फरमान के बाद वर्तमान समय क्षेत्र में 12 से 14 घंटे बिजली की आपूर्ति की जा रही है। रोस्टर अनुसार बिजली नहीं मिलने से लोगों में आक्रोश है, वहीं जर्जर तार व खंभे के चलते हल्की हवा चलने पर ही शार्ट सर्किट से तार टूटकर नीचे गिर जाती हैं, जिससे आपूर्ति ठप हो जाती है। करीब दो दशक पूर्व लगे पुराने तार से क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति कराई जा रही है।
चुनार संवाददाता के अनुसार क्षेत्र में वर्तमान समय बिजली आपूर्ति ध्वस्त हो चुकी है। बिजली के आने जाने का कोई समय नहीं है, वहीं लो वोल्टेज के चलते बिजली पर आधारित कोई कार्य नहीं हो पाता है। शाम के समय बिजली की आंख मिचौली से बाजार की रौनक गायब हो जाती है, जिससे दूकानदारों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। चुनार तहसील क्षेत्र में 10 से 12 घंटे विद्युत आपूर्ति की जा रही है। वर्तमान समय बिजली की अंधाधुंध कटौती से जहां गर्मी व उमस के चलते लोगों का हाल बेहाल है, वहीं उद्योग-धंधों पर भी इसका असर पड़ रहा है।