जिले के नगरीय सहित ग्रामीण अंचलों में स्थित मस्जिदों एवं ईदगाह में जुमे की नमाज अकीदत के साथ अदा की गई। जुमे की नमाज के निर्धारित समय के पूर्व ही बड़ी संख्या में रोजेदार पहुंच गए थे। शुक्रवार को जुमे की नमाज को देखते हुए मस्जिदाें के आसपास पुलिस-पीएसी के जवानाें की तरफ से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। मस्जिदों के आसपास साफ-सफाई व्यवस्था भी चाक-चौबंद रही।
अकीदतमंदाें ने जिले के समस्त मस्जिदों में शुक्रवार को अलविदा जुमे की नमाज अदा की। मस्जिदाें में जुमे की नमाज अदा करने के लिए नमाजियों की भारी भीड़ जुटी रही। मस्जिदों में जगह कम होने के कारण रास्तों पर मैटी बिछा कर अकीदत के साथ नमाज अदा की गई।
नगर के इमामबाड़ा स्थित ईदगाह सहित नगर क्षेत्र के वासलीगंज, गोसाई तालाब, आर्यकन्या मार्ग, घास की गली, घोड़े शहीद, पक्की सरांय, सुंदरघाट, गफूर खां की गली, नारघाट, गजियाटोला, त्रिमोहानी, भटवा की पोखरी, रमईपट्टी में स्थित मस्जिदों पर लोगाें ने जुमे की नमाज पढ़ी।
इसी तरह नगर के इमामबाड़ा सहित अन्य मस्जिद परिसर में पुलिस व पीएसी के जवान सुरक्षा-व्यवस्था को लेकर मुस्तैद रहे। पालिका प्रशासन की तरफ से मस्जिदों के आसपास साफ-सफाई सहित चूने का छिड़काव भी कराया गया था। जिस इलाके में स्थित मस्जिदाें के बाहर नमाज अदा की जा रही थी, उन मार्गों पर वाहनाें के आवागमन को नमाज के समय तक पूर्ण रूप से बंद करा दिया गया था।
उधर नगर के इमामबाड़ा स्थित मस्जिद के इमाम मौलाना हाफिज निसार अहमद ने बताया कि इमामबाड़ा स्थित जामा मस्जिद एवं अन्य मस्जिदों में अपरान्ह एक बजे जुमे की नमाज अदा की गई। उन्होंने लोगाें से ईद का पर्व शांति एवं सौहार्द पूर्वक मनाने की गुजारिश की।
बताया कि जकात की अदायगी ईमान का हिस्सा और सच्चा मोमिन होने की निशानी है।