मिर्जापुर। बुधवार को डीएम सुशील कुमार पटेल से मिलने गए बीएसए वीरेंद्र कुमार सिंह को मास्क न लगाने पर पांच सौ रुपये का जुर्माना भरना पड़ा। कोविड काल में सुरक्षा को लेकर सचेत डीएम ने औपचारिक बातचीत से पहले ही पूछ लिया कि आप मास्क लगाकर क्यों नहीं आए। बीएसए ने खेद प्रकट किया लेकिन उनको अंतत: जुर्माना अदा ही करना पड़ा।
बीएसए वीरेंद्र कुमार सिंह किसी सरकारी कार्य से डीएम से मिलने गए थे लेकिन जब वह डीएम के सामने पहुंचे तो उनके मुंह पर मास्क नहीं था। डीएम ने उनसे पूछा कि आपका मास्क कहां है। इस पर बीएससी को ध्यान आया कि उन्होंने तो मास्क लगाया ही नहीं है। संभवत: वह उसे अपने कार्यालय की टेबल पर छोड़ आए थे। हड़बड़ी में उन्होंने अपनी जेब में हाथ डाला लेकिन वहां न मास्क ही था और ना ही रुमाल मिला। जिसको वह लगा पाते। इस पर डीएम ने उनको डांट लगाई और कहा कि आप जिला स्तरीय अधिकारी हैं। जब आप ही नियम का पालन नहीं करेंगे तो दूसरे कैसे करेंगे। उन्होंने बीएसए पर पांच सौ रुपये का दंड लगाने का निर्देश दिया। बीएसए काफी सफाई दी लेकिन डीएम नहीं माने। बीएसए को पांच सौ रुपये जुर्माना अदा करना ही पड़ा। नाजिर ने पांच सौ रुपये का जुर्माना लेकर उनको उसकी रसीद भी प्रदान की। डीएम ने वहां उपस्थित अन्य लोगों से भी कहा कि वह किसी भी अन्य व्यक्ति से मिलते समय अथवा सार्वजनिक स्थल पर जाते समय मास्क का प्रयोग अवश्य करें। कोविड-19 के खतरे से बचाव का यह एक कारगर उपाय है। प्रदेश सरकार ने इसका प्रयोग न करने पर जुर्माना का प्रावधान किया है।