विंध्याचल के पुरोहित से रंगदारी मांगे जाने के मामले में पेशी के दौरान पुलिस अधिकारियों और नेताओं के खिलाफ बयानबाजी करने के आरोप में ज्ञानपुर के पूर्व विधायक बाहुबली विजय मिश्र की शनिवार को मिर्जापुर के एमपी-एमएलए कोर्ट में शनिवार को पेशी हुई।
जज विकास कुमार सिंह ने अगली सुनवाई के लिए दो अगस्त की तिथि तय की है। इस दौरान कचहरी परिसर में सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए थे। तीन थानों की पुलिस सुरक्षा व्यवस्था में तैनात रही।
पांच अगस्त 2022 को पूर्व विधायक विजय मिश्र की विंध्याचल के तीर्थ पुरोहित अवनीश मिश्रा से रंगदारी मांगे जाने के मामले में एमपी-एमएलए कोर्ट में पेशी हुई थी। पेशी के दौरान विजय मिश्र ने पुलिस अधिकारियों तथा नेताओं के खिलाफ बयानबाजी की थी। पुलिस कर्मियों से धक्का-मुक्की का भी आरोप है।
इस मामले में तत्कालीन पुलिस अधीक्षक संतोष मिश्रा ने कचहरी परिसर में सुरक्षा व्यवस्था में तैनात एक निरीक्षक समेत आठ पुलिस कर्मियों को निलंबित कर दिया था। बयानबाजी व धक्का-मुक्की के मामले में विजय मिश्र तथा अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। इस मामले में विजय मिश्र की शनिवार को मिर्जापुर के एमपी-एमएलए कोर्ट में पेशी हुई।
विजय मिश्र आगरा जेल में बंद है। शनिवार को दिन में 11:50 बजे विजय को लेकर आगरा जेल से चला वाहन मिर्जापुर कचहरी पहुंचा। एमपी-एमएलए कोर्ट में पेशी के दौरान कचहरी परिसर में सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए थे। सीओ सिटी मनोज गुप्ता के नेतृत्व में शहर कोतवाल, देहात कोतवाल, लालगंज थानाध्यक्ष, एसओजी और एलआईयू कचहरी परिसर में मौजूद रही।
दोपहर करीब साढ़े 12 बजे पेशी के बाद विजय मिश्र को पुलिस आगरा लेकर चली गई। अधिवक्ता आशुतोष अग्रवाल ने बताया कि बयानबाजी के मामले में विजय मिश्र और अन्य लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था।
इस मामले में बाकी लोगों पर एमपी-एमएलए लोवर कोर्ट में कोई चार्ज नहीं बना तो स्टेट ने एमपी-एमएलए सेशन कोर्ट चंद्रशेखर मिश्र की अदालत में रिवीजन दाखिल किया। कोर्ट ने रिवीजन स्वीकृत कर मामला लोवर कोर्ट में भेज दिया। इस मामले में शनिवार को पूर्व विधायक विजय मिश्र की एमपी-एमएलए कोर्ट में पेशी हुई। जज विकास कुमार सिंह ने अगली सुनवाई के लिए दो अगस्त की तिथि निर्धारित की है।