ड्रमंडगंज घाटी के बड़े मोड़ के पास बुधवार की रात दो बजे दो ट्रकों के खराब होने से 16 घंटे तक मिर्जापुर-रीवा मार्ग जाम रहा। जाम के दौरान भैसोड़ बलाय पहाड़ से दुर्जनीपुर तक वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। यात्री पूरी रात खाने-पीने के लिए तरसते रहे। सूचना पर पहुंचे ड्रमंडगंज चौकी इंचार्ज कृष्णानंद राय ने मिस्त्री बुलवा कर ट्रक की मरम्मत कराते हुए गरुवार की शाम छह बजे जाम खुलवाया।
इंदौर से प्याज लोड कर एक ट्रक बुधवार की रात बनारस जा रहा था, जबकि दूसरा ट्रक मिर्जापुर से रीवा जा रहा था। दोनों ट्रक जैसे ही ड्रमंडगंज घाटी के बड़े मोड़ के पास पहुंचे कि एक ट्रक का गुल्ला टूट गया। जबकि दूसरे की कमानी टूट गई। इससे दोनों ट्रक घाटी के गड्ढों में फंस कर खड़े हो गए। आमने सामने ट्रक बिगड़ने के चलते सड़क जाम हो गया। देखते ही देखते वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। जाम में कच्चे माल के वाहन एवं बस तथा छोटी गाड़ी फंसी रहीं। रात दो बजे से गुरुवार की शाम तक जाम लगने के कारण यात्रियों को एक बूंद पानी एवं खाने के लिए तरसना पड़ा। जाम का फायदा उठाते हुए दुकान्रदार 50 रुपये में एक लीटर पानी तथा दस रुपये का एक समोसा बेच रहे थे। फिर भी लोगों के खाने पीने की वस्तुएं उपलब्ध नहीं हो पाईं। गुरुवार को लगन तेज होने के कारण कई बारातियों की गाड़ी भी जाम में फंस रही। यात्री सरकार की व्यवस्था को लेकर कोसते रहे। कहा कि केंद्र हो या यूपी एमपी की सरकारें केवल बयानबाजी कर रही है। काम कोई नहीं कर रहा है। जिसके चलते आज प्रदेश व देश की सारी सड़कें खराब हो गई हैं, जिसे बनवाने का जहमत नहीं उठाया जा रहा है।