मिर्जापुर। अघौली गांव के निवासियों ने देहात कोतवाली पुलिस के खिलाफ सोमवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय पर प्रदर्शन किया। उनका कहना था कि पुलिस रविवार की शाम गांव के एक निर्दोष लड़के को बिना किसी कारण कोतवाली उठा लाई है और उसे प्रताड़ित कर रही है। परिवार के लोगों को उससे मिलने भी नहीं दे रही है। समझाने पहुंचे सीओ सदर से ग्रामीणों की नोकझोंक भी हुई। जांच कराकर कार्रवाई करने के आश्वासन के बाद मामला शांत हुआ।
ग्रामीणों ने बताया कि सात अक्टूबर को मिश्र लहौली गांव के कुछ लोगों ने निकासी की करने वालों की आशंका में कुछ अज्ञात लोगों की बाइक को पीट कर क्षतिग्रस्त कर दिया था। जिसकी शिकायत घायलों द्वारा करने पर पुलिस उनकी तलाश में जुटी थी। वह अक्सर गांव में जा रही थी। आठ नवंबर को पुलिस फिर युवक को तलाशने गई थी। अघौली गांव निवासिनी खेत्तल देवी पत्नी रामकिशुन चौहान ने कहा कि देर शाम पुलिस मेरे घर अघौली पहुंची और मेरे बेटे विष्णु को हिरासत में लेकर थाने उठा ले गई। जबकि घटना के दिन वह था भी नहीं। फिर भी पुलिस उसे उठा ले आई है।