मिर्जापुर। सिटी ब्लाक के नुवाव गांव में चल रही श्रीमद्भागवत महापुराण कथा में मंगलवार को चौथे दिन श्रीकृष्ण जन्मोत्सव व बाल लीलाओं का वर्णन किया गया। कथावाचक ने बताया कि श्रीकृष्ण ने अपनी लीलाओं से लोकमन को लुभाया।
इसी गांव के प्रेम शंकर पांडेय के आवास पर चल रहे कथा में चौथे दिन उमा शंकर शास्त्री ने बताया कि श्रीकृष्ण का जन्म लोगों के कल्याण के लिए हुआ था। उन्होंने जो भी लीला की उसका कोई न कोई उद्देश्य अवश्य था। बाल लीला कर उन्होंने बच्चों की स्वाभाविक गतिविधियों को प्रस्तुत किया। मां यशोदा की डांट व मूंसल में बांधना सभी के पीछे किसी न किसी के कल्याण की भावना ही निहित थी। कथा में माखन चोरी, नंद उत्सव, गोवर्धन पूजा, रुक्मणी विवाह और सुदामा चरित्र के मंगल ज्ञानवर्धक चीजों की जानकारी दी गई। देर तक चले कथा वाचन में श्रोता लीन हो गए। कथा 29 मार्च तक चलेगी।