मिर्जापुर। नगर के वासलीगंज में मंगलवार को हुई कांग्रेस की बैठक में कार्यकर्ताओं ने प्रदेश के सुधार गृहों में बच्चियों व महिलाओं पर हो रहे अत्याचार पर चिंता जताई। साथ ही इन घटनाओं में दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
महासचिव अर्चना चौबे ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ के नारे से प्रदेश की बच्चियों व महिलाओं में अपनी सुरक्षा को लेकर आस जगी थी। लेकिन यह नारा केवल जुमला ही साबित हुआ। उन्होंने देवरिया प्रकरण की भर्त्सना करते हुए भाजपा शाषित सूबे में महिलाओं की सर्वाधिक दुर्दशा और उत्पीड़न का आरोप लगाया। कहा कि मुजफ्फरपुर की घटना से सबक लेते हुए सरकार को तुरंत सतर्क होना चाहिए था। शेल्टर होम के बाद देवरिया के नारी संरक्षण गृह में रहने वाली बच्चियों से जबरन देह व्यापार कराने जैसा घिनौना कांड पूरे देश के लिए शर्मनाक व चिंता का विषय है। पीसीसी सदस्य स्वरुप सिंह ने कहा प्रदेश के मुख्यमंत्री के गृह जनपद के निकट महिला संरक्षण की आड़ में जबरन देह व्यापार जैसा घटिया कार्य होना मानवता को शर्मशार कर रहा है। बैठक में मंगला प्रसाद यादव, रमेश मौर्य, उपमन्यू सिंह, राजन निषाद, राजेन्द्र विश्वकर्मा, विजय सागर कसेरा, संजय यादव, रमेश गुप्ता, रीता पांडेय, कुसुम सिंह, शिल्पी, जुनैदा अंसारी, अमिताभ पांडेय, भरतभूषण, संतोष यादव आदि मौजूद रहे।