परीक्षा के बाद प्रश्नपत्र मिलाती छात्राएं
मिर्जापुर। परीक्षा केंद्रों पर सख्ती के चलते विद्यार्थी लगातार परीक्षाएं छोड़ रहे हैं। सोमवार को पहली पाली में 1091 विद्यार्थियों ने इंटरमीडिएट इतिहास की परीक्षा छोड़ दी जबकि हाईस्कूल की उर्दू विषय की परीक्षा में 48 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। दोनों पालियों में मजिस्ट्रेट, जेडी और डीआईओएस ने परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। माध्यमिक शिक्षा परिषद से संचालित यूपी बोर्ड परीक्षा के छठे दिन इंटरमीडिएट इतिहास की परीक्षा में 1091 विद्यार्थी अनुपस्थित रहे। पहली पाली में हाईस्कूल उर्दू की परीक्षा में पंजीकृत 444 में से 396 छात्रों ने परीक्षा दी और 48 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। इसी प्रकार इंटरमीडिएट इतिहास विषय की परीक्षा में पंजीकृत 6145 में से 5054 विद्यार्थी परीक्षा में शामिल हुए जबकि 1091 परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। वित्त व लेखाधिकारी ऑडिट त्रिभुवन प्रसाद के नेतृत्व में प्रशासनिक अधिकारी सालिगराम सरोज, आसिफ इक़बाल, सुषमा सिंह, स्मृति यादव के सचल दल ने राजकीय बालिका इंटर कॉलेज चुनार, जनता इंटर कॉलेज बरेवां का निरीक्षण किया। उप शिक्षा निदेशक विंध्याचल मंडल चंद्रजीत सिंह यादव ने कई केंद्रों का निरीक्षण किया।
जिला विद्यालय निरीक्षक अवध किशोर सिंह ने हाईस्कूल के आंतरिक मूल्यांकन के प्राप्तांक और इंटरमीडिएट के खेल व शारीरिक शिक्षा का प्राप्तांक अपलोड नहीं करने वाले विद्यालयों को तत्काल अपलोड करने का निर्देश दिया है। उन्होंने कहा कि उमेदा देवी इंटर कॉलेज चकनंदा कछवां, श्री हनुमत गर्ल्स हाईस्कूल बजहां कछवां, एसबीबी पीएसएस स्कूल अमोई, श्रीमती त्रिवेणी देेवी इंटर कॉलेज कलवारी खुर्द, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज विंध्याचल, बाबा सिद्घनाथ इंटर कॉलेज लालपुर, रामापुर इंटर कॉलेज कछवां और आरआरयूएमवी जमुआरी कछवां ने अभी तक प्राप्तांक ऑनलाइन अपलोड नहीं किया है।
जिला विद्यालय निरीक्षक अवध किशोर सिंह ने सभी परीक्षा केंद्रों को परीक्षा के दौरान की सीसीटीवी फुटेज संभाल कर रखने का निर्देश दिया है। उन्होंने बताया कि जिले के 96 परीक्षा केंद्र हैं। इन केंद्रों पर नकलविहीन परीक्षा कराने के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। कैमरे से परीक्षा की निगरानी की जा रही है। कहा कि परीक्षा केंद्र बोर्ड परीक्षा अवधि की सीसीटीवी फुटेज संभाल कर रखें ताकि जरूरत पड़ने पर माध्यमिक शिक्षा परिषद और संबंधित जिला स्तरीय अधिकारियों को उपलब्ध कराया जा सके। सीसीटीवी फुटेज संभाल कर नहीं रखने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।