फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Meerut News: आग भड़की तो कर्मचारियों से कहा-भाग जाओ...खुद घिर गए इंजीनियर

Sun, 27 Nov 2022 11:02 AM IST
मेरठ ब्यूरो अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ
विज्ञापन
1 of 5
फैक्टरी के बाहर खड़ें लोग - फोटो : amar ujala
मेरठ स्थित परतापुर में एक मिल में आग लगने से हड़कंप मच गया। दोपहर 1:15 बजे थे। उधर दूसरी और तीसरी मंजिल पर 25 कर्मचारी काम कर रहे थे। केमिकल की पाइप में धुआं उठने पर कर्मचारियों ने चीफ इंजीनियर नरेंद्र कुमार कुशवाहा को बुला लिया। इंजीनियर तीसरी मंजिल पर टरबाइन मशीन के कंट्रोल रूम में लाइन ठीक कर रहे थे, तभी पाइप फट गया।

विस्फोट के साथ धमाके होने लगे। यह सब होते देख इंजीनियर ने कर्मचारियों  से कहा, भाग जाओ, लेकिन वह खुद आग में घिरते गए। एक तरफ धधकती आग थी और दूसरी तरफ 60 फीट की गहराई। इंजीनियर नीचे उतरने के रास्ते तक नहीं पहुंच पाए और आग से बचने के लिए खिड़की से छलांग लगा दी।

यह भी पढ़ें: मां की ममता हुई शर्मसार: डेढ़ साल की बेटी की मुंह और नाक दबाकर की हत्या, पति से मनमुटाव बना मौत का कारण

सूचना के अनुसार मोहिउद्दीनपुर चीनी मिल परिसर में ही तीन मंजिल है। यहां पर टरबाइन मशीन का सिस्टम लगा है। चीनी मिल और नंगला पाटू गांव सहित अन्य क्षेत्रों में बिजली सप्लाई होती है। मिल का पेराई सत्र भी शुरू हो गया है।टरबाइन में कई दिन से दिक्कत आ रही थी।
विज्ञापन

2 of 5
कंट्रोल रूम में लगी आग - फोटो : amar ujala
क्या हैं टरबाइन
टरबाइन मशीन के नीचे एक ट्रैक है। इसमें ऑयल (केमिकल) भरा होता है। वह मशीन को गर्म करता है। टरबाइन के एक पाइप में दोपहर को धुआं उठने लगा। कर्मचारियों ने चीफ इंजीनियर नरेंद्र कुमार को जानकारी दी। इंजीनियर आए और पाइप लाइन ठीक करने लगे। तभी, आग धधकने लगी और ट्रैक तक पहुंच गई।
कर्मचारी दूसरी और तीसरी मंजिल की सीढ़ियों से नीचे उतर गए। इसी दौरान मिल की बत्ती गुल हो गई। बताया गया कि हादसे के समय कर्मचारी लंच कर रहे थे। आग की लपटे उठीं तो वह वहां से भागने लगे। कुछ कर्मचारियों ने बताया कि यदि यह आग एक घंटा पहले या बाद में लगती तो वह भी फंस सकते थे।

 
विज्ञापन

3 of 5
जांच करते डीएम और एसएसपी - फोटो : amar ujala
पत्नी, बेटा और बेटी बेहोश
पुलिस के मुताबिक आग में चीफ इंजीनियर फंस गए है, इसका पता लगते ही पत्नी लता कुशवाहा भी पहुंच गई थी। इसके बाद वह अस्पताल परिवार के साथ अस्पताल पहुंचीं। यहां मौत का पता लगने पर पत्नी, बेटा उत्कर्ष और बेटी उन्नती बेहोश हो गए। इंजीनियर परिवार सहित मिल परिसर के आवास में ही रह रहे थे।

4 of 5
आग बुझाता पुलिकर्मी - फोटो : amar ujala
आग से हुआ बड़ा नुकसान, रात में बुलाए इंजीनियर
जीएम शीशपाल का कहना है कि आग से बड़ा नुकसान होने का अनुमान है। मशीन को ठीक करने के लिए बाहर से इंजीनियर बुलाए हैं। एक इंजीनियर रविवार सुबह हैदराबाद से आएंगे। मशीन की वायर जली हुई है। मशीन के पार्ट्स कितने खराब हुए हैं। इसका पता पूरी जांच के बाद ही चलेगा। आग के दौरान टरबाइन मशीन बंद थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
फैक्टरी के बाहर खड़ें लोग - फोटो : amar ujala
कर्मचारी बोले- हमें बचाया, खुद फंस गए
कर्मचारी मुकेश राठी ने बताया कि वह भी तीसरी मंजिल पर थे। आग लगते ही इंजीनियर साहब बोले कि भागो। इतना कहते ही हम अपने तीन साथी नितिन, राहुल और अमित के साथ नीचे भागे। हम बच गए और इंजीनियर साहब आग में फंस गए। अगर वह ऐसा नहीं कहते तो शायद हम भी आग में फंस जाते। डीएम और एसएसपी को यह बात बताकर मुकेश रोने लगे।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें