मौसम वैज्ञानिकों की चेतावनी
भारतीय कृषि प्रणाली अनुसंधान संस्थान, मोदीपुरम के मौसम वैज्ञानिक डॉ. एम. शमीम के अनुसार पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही बर्फबारी का असर मैदानी इलाकों में भी महसूस किया जा रहा है। कई दिनों से सूरज के दर्शन सीमित समय के लिए ही हो पा रहे हैं, जिससे सर्दी से राहत नहीं मिल रही।
बुजुर्गों और बच्चों पर ज्यादा असर
ठंड बढ़ने के कारण बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को विशेष परेशानी हो रही है। सुबह के समय कोहरा और ठंडी हवाएं सड़कों पर वाहनों की रफ्तार को भी प्रभावित कर रही हैं।
18 जनवरी तक ठंड के आसार
मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल शीतलहर से राहत मिलने की संभावना कम है। आने वाले दिनों में भी ठंड का असर बना रह सकता है और 18 जनवरी तक मौसम में खास बदलाव की उम्मीद नहीं है।