उत्तर प्रदेश के बागपत में दोघट थानाक्षेत्र जलपुरुष राजेंद्र सिंह ने कहा कि सरकार कृषि कानून के सहारे ईस्ट इंडिया कंपनी की तर्ज पर दोबारा देश को गुलामी की ओर ले जाना चाहती है। कृषि कानून किसानों को बर्बाद कर देंगे।
निरपुड़ा गांव में मैग्सेसे पुरस्कार प्राप्त जल पुरुष राजेंद्र सिंह ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि चौधरी चरण सिंह ने जमींदारी से छुटकारा दिलाया था। सरकार कृषि कानून लागू कर फिर उसी दिशा में ले जा रही है। सरकार के तीनों कृषि कानून किसान की बर्बादी का कारण बनेंगे। करीब 300 किसानों की धरने पर मौत हो चुकी है।
उन्होंने कहा कि सरकार का ध्यान नदियों के जल को स्वच्छ कराने एवं बचाने पर नहीं है। चुनाव से पहले गंगा को निर्मल बनाने का ढोल पीटने वाले चुप्पी साधे हुए हैं। नदियों का जो पानी किसानों की फसलों की सिंचाई के लिए माना जाता था उस पर उद्योगपति हक जमा कर फैक्टरियों का गंदा एवं जहरीला पानी छोड़ रहे हैं।
नदियों का प्रदूषित पानी आसपास के गांवों में बीमारी परोस रहा है। इसलिए लोगों को जागरूक होने की जरूरत है। नदियों को बचाने के लिए समाज को भी आगे आना होगा। इस मौके पर रमेश शर्मा, संजय राणा आदि मौजूद रहे। संवाद