माछरा(मेरठ)। सहकारी गन्ना विकास समिति द्वारा किसानों को गन्ना पर्चियां कम मिलने का आरोप है। जिससे काफी मात्रा में पैड़ी व पौधा गन्ना खेतों में है। नंगलामल चीनी मिल द्वारा की गई बैठक में किसानों ने पर्चियां न मिलने पर आंदोलन करने की चेतावनी दी। बैठक में किसानों को कोरोना वायरस से बचाव के तरीके बताए गए।
शुक्रवार को माछरा में भारतीय किसान संघ के जिलाध्यक्ष प्रधान राकेश त्यागी के आवास पर माछरा, नंगली अब्दुल्ला, कासमपुर, स्वामीपुरा आदि गांवों के किसानों की बैठक हुई। राकेश त्यागी ने कहा कि क्षेत्र के ज्यादातर किसान नंगलामल शुगर मिल से जुडे़ हैं। जो गन्ना होली से पूर्व ही मिलों में पहुंच जाना चाहिए था वह पर्ची न मिलने के कारण खेतों में ही खड़ा है। मिल व समिति अधिकारी किसानों को उचित मात्रा में पर्ची नहीं दे रहे हैं। कहा कि जिसके चलते गन्ना खेतों में है किसान गेहूं की बुआई भी नहीं कर सके। सुभाष चंद त्यागी ने कहा कि गर्मियों मेे गन्ना की कटाई करना मुश्किल होगा। बैठक में मौजूद किसानों ने चेतावनी दी कि अगर ज्यादा मात्रा में पर्चियां नहीं भेजी गई तो वह आंदोलन करेंगे। जीतू शर्मा ने कहा कि गन्ना समिति के लोग चीनी मिल के पक्ष में ही कार्य करते हैं। बैठक में सहकारी गन्ना विकास समिति के सचिव पुष्पेंद्र राणा व अमित त्यागी ने बताया कि वह मिल द्वारा मिले इंडेंट के अनुसार गन्ना पर्चियां जारी करते हैं। चीनी मिल के पक्ष में कार्य करने का आरोप गलत है। इस दौरान ग्राम प्रधान कासमपुर शिवराज भाटी, प्रधान दीपक त्यागी आदि ने किसानों से कहा कि सभी मॉस्क लगाए। बाहर से आते समय साबुन से धुलें। लोगों से एक मीटर की दूरी बनाकर रखें। बीमार होने पर तुरंत चिकित्सक से परामर्श लें। 22 मार्च को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर सुबह सात से रात नौ बजे तक जनता कर्फ्यू में सहयोग करते हुए अपने घरों से बाहर न निकलें। इस दौरान बलजीत सिंह त्यागी, जितेंद्र शर्मा, योगेश शर्मा, करण त्यागी, लाल सिंह त्यागी, श्याम सिंह, बबलू, तेजपाल, विनोद कुमार, मीनू त्यागी, हकीम, सुरेंद्र कुमार व देवकराम आदि मौजूद रहे।