मस्जिद में नमाज के बाद उग्र हुई भीड़, पुलिस ने लाठी फटकार कर खदेड़ा
पुलिस ने देर रात तक पंद्रह लोगों को हिरासत में लिया
संवाद न्यूज एजेंसी
जानीखुर्द। सिवालखास में जुमे की नमाज के बाद नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में बवाल हो गया। भीड़ ने सिवालखास गंगनहर पुल पर मार्ग जाम करके वाहनों पर पथराव कर दिया। जिसमें कई वाहनों के शीशे टूट गए। वहीं, पुलिस ने हंगामा कर रही भीड़ को लाठी फटकार कर दौड़ाया। इस दौरान पुलिस पर भी पथराव किया गया। हालांकि किसी के घायल होने की जानकारी नहीं है। पुलिस ने 15 लोगों को मौके से हिरासत में लिया है। सिवालखास में देर रात तक बलवाइयों को पकड़ने के लिए पुलिस की दबिश जारी थी।
सिवालखास में बुढ़ापीर वाली मस्जिद में जुमे की नमाज के बाद खेतों से होते हुए भीड़ कांवड़ मार्ग पर सिवाल गंगनहर पुल पर पहुंची। इसमें शामिल लोग हाथों में डंडे और पत्थर लिये थे। भीड़ नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में नारेबाजी करते हुए मार्ग से गुजरने वाले वाहनों पर पत्थर फेंकने लगी। इस दौरान कई कारों के शीशे टूट गए। इस पर मार्ग के दोनों ओर चालक वाहन लौटने लगे। इसकी जानकारी पाकर पुलिस मौके पर पहुंच गई। उसने हंगामा कर रही भीड़ को लाठी फटकार कर भगा दिया। इस दौरान भीड़ ने पुलिस पर पथराव कर दिया। इस पर पुलिस पीछे हट गई। इसके बाद एसडीएम सदर, सीओ सरधना और पुलिस बल लेेकर मौके पर पहुंचे। जिसे देख भीड़ भाग निकली। पुलिस ने मौके से एक दर्जन से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया। हालांकि एसडीएम सदर और सीओ सरधना पंकज कुमार, जानी थाना प्रभारी योगेंद्रपाल सिंह ने पुलिस बल के साथ सिवालखास में फ्लैग मार्च किया। इस दौरान लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की। जानी थाना प्रभारी योगेंद्रपाल सिंह के अनुसार घटना को लेकर कस्बे में पुलिस गश्त कर रही है। वहीं, आरोपियों को पकड़ने के लिए दबिश जारी है।
पुलिस को चकमा देकर कांवड़ मार्ग पहुंची भीड़
कस्बा सिवालखास में जुमे की नमाज शांतिपूर्वक संपन्न हो गई थी। इस दौरान भारी पुलिस बल बुढ़ापीर वाली मस्जिद के बाहर मौजूद रहा। नमाज के बाद लोग घरों को जाने लगे। इस दौरान युवाओं की भीड़ मुख्य मार्ग से न होकर कस्बे की गलियों और खेतों से होते हुए पुलिस को चकमा देकर सिवाल गंगनहर पुल पर पहुंचे और हंगामा किया।
सोशल मीडिया से भड़काऊ पोस्ट
सिवालखास में सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट डालकर संशोधन नागरिकता कानून को लेकर माहौल खराब करने का प्रयास कई दिनों से किया जा रहा था। पुलिस ने इस संबंध में बृहस्पतिवार को कई व्यक्तियों को हिरासत में लिया था। वहीं, पुलिस के अनुसार आज का माहौल खराब करने में एक सरकारी अध्यापक का नाम जांच में सामने आ रहा है। उसने सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट डालने का आरोप ग्रामीण लगा रहे हैं। जिससे माहौल खराब हुआ। पुलिस ने उसे पकड़ने के लिए दबिश दी परंतु आरोपी वह हत्थे नहीं चढ़ सका।