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UP: मेरठ में महिला पर कुत्तों के झुंड ने किया हमला, बुरी तरह नोचकर मार डाला; चेहरे और पेट को किया लहूलुहान

Sun, 05 Apr 2026 04:44 PM IST
Mohd Mustakim अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ

सार

Meerut News: सिसौला खुर्द गांव निवासी सूरजमुखी खेत से लौट रही थी, तभी कुत्तों के झुंड ने हमला कर बुरी तरह लहूलुहान कर दिया। ग्रामीण व परिजन उन्हें अस्पताल ले गए, जहां सूरजमुखी को मृत घोषित कर दिया गया। ग्रामीणों ने प्रशासन के प्रति आक्रोश है। 
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सूरजमुखी की फाइल फोटो। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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जानी थाना क्षेत्र के सिसौला खुर्द गांव में आवारा कुत्तों के झुंड ने शनिवार देर शाम 55 वर्षीय महिला पर जानलेवा हमला कर दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। इस हृदयविदारक घटना ने पूरे गांव में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है और स्थानीय प्रशासन के खिलाफ भारी आक्रोश है।
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मृतका सूरजमुखी (55), सिसौला खुर्द गांव की निवासी थीं और शनिवार शाम को खेत से गन्ने की छिलाई का काम निपटाकर घर लौट रही थीं। इसी दौरान, रास्ते में आवारा कुत्तों के एक बड़े झुंड ने उन्हें घेर लिया। हमलावर कुत्तों ने महिला के चेहरे, पेट और शरीर के अन्य हिस्सों पर बुरी तरह हमला किया, जिससे वह लहूलुहान हो गईं। महिला के चीखने-चिल्लाने की आवाज सुनकर पास के खेतों में काम कर रहे ग्रामीण मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद कुत्तों को वहां से भगाया, लेकिन तब तक सूरजमुखी की हालत अत्यंत गंभीर हो चुकी थी। घावों की भयावहता इतनी अधिक थी कि उन्होंने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया।
 

परिवार और गांव में शोक की लहर
घटना की सूचना मिलते ही मृतका के परिजनों में कोहराम मच गया। एक हंसता-खेलता परिवार इस अनपेक्षित घटना से बिखर गया। गमगीन माहौल के बीच, परिजनों ने शव का पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया और बिना पोस्टमार्टम के ही मृतका का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
 

प्रशासनिक लापरवाही पर ग्रामीणों का गुस्सा
इस घटना ने ग्रामीणों में प्रशासनिक उदासीनता के प्रति गहरा असंतोष पैदा कर दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में आवारा कुत्तों का आतंक लंबे समय से बना हुआ है। उन्होंने बार-बार संबंधित विभागों से शिकायत की है, लेकिन किसी भी ठोस कार्रवाई का अभाव रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन की निष्क्रियता के कारण ही ऐसी दुखद घटनाएं हो रही हैं।
 

पूर्व में भी हो चुकी हैं ऐसी घटनाएं
ग्रामीणों ने बताया कि चार साल पहले भी इसी इलाके में आवारा कुत्तों के झुंड ने पांच साल के बच्चे पर हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया था, जिससे उसकी जान चली गई थी। इस पूर्व की घटना के बावजूद, समस्या का समाधान नहीं किया गया।
 
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कुत्तों को पकड़ने और मुआवजा देने की मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल आवारा कुत्तों को पकड़ने और उनकी संख्या को नियंत्रित करने की मांग की है। साथ ही, उन्होंने पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा दिए जाने की मांग की है। इस घटना ने क्षेत्र में सार्वजनिक सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाने की आवश्यकता पर बल दिया है।

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