फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी में 7 की मौत: कार चकनाचूर...दबने से शवों का हाल हुआ बुरा; उधर मामा का अंतिम संस्कार, इधर उजड़ गया परिवार

Sat, 29 Nov 2025 11:47 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, सहारनपुर

सार

सहारनपुर के सोना सैयद माजरा गांव के पास दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर तेज रफ्तार बजरी से लदा डंपर कार पर पलट गया। हादसे में मां-बेटा, बेटी और दामाद सहित सात लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। सभी एक रिश्तेदार के अंतिम संस्कार में शामिल होने जा रहे थे। 
विज्ञापन
1 of 16
UP Road Accident - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
सहारनपुर के सोना सैयद माजरा गांव के पास हुए हादसे से मोहद्दीपुर गांव में भी दुखों का पहाड़ टूट गया। एक तरफ मोहद्दीपुर में ऋषिपाल सैनी का अंतिम संस्कार किया गया तो दूसरी तरफ उनकी बहन, भांजे और भांजी समेत सात लोगों की जान चली गई। आनन-फानन अंतिम संस्कार कर सभी सोना सैयद माजरा गांव की तरफ दौड़ पड़े।

मोहद्दीपुर निवासी 62 वर्षीय ऋषिपाल सैनी का बृहस्पतिवार निधन हो गया था। परिजनों ने सभी रिश्तेदारों को सूचना दी थी कि शुक्रवार सुबह 11 बजे गांव में ही अंतिम संस्कार किया जाएगा। संदीप अपने मामा के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए परिवार के साथ वहां जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही पूरा परिवार खत्म हो गया।
 
विज्ञापन

2 of 16
एक्सप्रेसवे पर हादसे के बाद कार पर पलटा पड़ा बजरी से भरा डंपर और क्षतिग्रस्त कार - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
मोहद्दीपुर में सभी इंतजार कर रहे थे कि ऋषिपाल की बहन, भांजे और भांजी आएंगे तो अंतिम संस्कार के लिए चलेंगे। करीब 10 बजे मोहद्दीपुर में एक रिश्तेदार के फोन की घंटी बजी।
विज्ञापन

3 of 16
एक्सप्रेसवे पर हादसे के बाद कार पर पलटा पड़ा बजरी से भरा डंपर और क्षतिग्रस्त कार - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
पता चला कि बहन और भांजे संदीप समेत सात लोगों की हादसे में मौत हो गई। हादसे की खबर गांव में पहुंचते ही मातम का माहौल हो गया। अंतिम संस्कार कर रहे लोगों में भी अफरा-तफरी मच गई और ज्यादातर लोग तुरंत सोना सैयद माजरा की ओर घटनास्थल के लिए रवाना हो गए। मृतक ऋषिपाल सैनी अपने पीछे तीन शादीशुदा बेटियों और एक बेटे को छोड़ गए हैं।

 

4 of 16
हादसे के बाद एक्सप्रेसवे पर टोल प्लाजा से लाठी फटकार कर जाम खुलवाती पुलिस - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विपिन को मौत खींच लाई थी सैयद माजरा
गांव दौलतपुर निवासी 22 वर्षीय विपिन भी इस हादसे का शिकार हुआ। बृहस्पतिवार को सहारनपुर अस्पताल में भर्ती अपने मामा ऋषिपाल को देखने गया था। मामा की मौत के बाद विपिन अपने मौसी के लड़के संदीप के साथ उसके घर सोना सैयद माजरा चला गया था। शुक्रवार सुबह मौसी के परिवार के साथ कार से आ रहा था। इसी दौरान यह हादसा हो गया। विपिन की अभी तक शादी नहीं हुई थी। 
 
विज्ञापन

5 of 16
हादसे के बाद एक्सप्रेसवे जाम करने को खड़ी की गई जेसीबी मशीन - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
उसका का एक बड़ा भाई है। उसकी भी अभी तक शादी नहीं हुई है। विपिन के पिता की करीब आठ वर्ष पहले बीमारी के चलते मौत हो गई थी। घर की पूरी जिम्मेदारी विपिन तथा उसके भाई के ऊपर थी। विपिन घर पर खेती बाड़ी के काम में हाथ बंटाता था। विपिन की मौत के बाद गांव में सन्नाटा छाया हुआ है। 
 
विज्ञापन

6 of 16
कार पर डंपर पलटने के बाद घटनास्थल पर पहुंचे मंडलायुक्त, डीआईजी, डीएम, एसएसपी और एसपी देहात - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
गमगीन माहौल में किया अंतिम संस्कार, मंत्री हुए शामिल
हादसे के बाद पोस्टमार्टम हाउस से संदीप और उसकी मां रानी के शव देर शाम पुलिस सुरक्षा में गांव पहुंचे। इसके बाद बेहद गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार कर दिया गया। अंतिम संस्कार में प्रदेश सरकार के औद्योगिक विकास एवं संसदीय कार्य राज्य मंत्री जसवंत सैनी, पूर्व विधायक नरेश सैनी, पूर्व मंत्री साहब सिंह सैनी सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल रहे। उधर, चिलकाना के दौलतपुर में भी देर शाम विपिन के शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। बाकी चारों शवों को उनके परिजन यहां से लेकर हरिद्वार चले गए। 
विज्ञापन

7 of 16
एक्सप्रेसवे पर जाम के दौरान धरनारत लोगों को समझाते पूर्व विधायक जगपाल सिंह - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
इस साल की सबसे बड़ी घटना
गागलहेड़ी में हुआ सड़क हादसा इस साल का सबसे बड़ा है। इससे पहले जिला गंगोह के सांगाठेड़ा की घटना से चर्चाओं में रहा था। 22 मार्च 2025 को सांगाठेड़ा में भाजपा नेता ने अपनी पत्नी और तीन बच्चों की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। 
 

8 of 16
हादसे के बाद टोल प्लाजा के पास धरने पर बैठी भीड़ व विभिन्न संगठनों के सदस्य - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
उसके बाद अब गागलहेड़ी में हुए हादसे ने हर किसी को झकझोर रख दिया है। उधर, चर्चा रही कि पीड़ित परिवार पूर्व मंत्री धर्म सिंह सैनी के रिश्तेदार हैं, लेकिन ऐसा नहीं है। मृतक संदीप पूर्व मंत्री धर्म सिंह सैनी के भाई करण सिंह के अस्पताल में मेडिकल स्टोर चलाता था।
 

9 of 16
हादसे में क्षतिग्रस्त कार - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
कार पर पलटा बजरी लदा डंपर... मां बेटा, बेटी-दामाद समेत सात की मौत
सहारनपुर के सोना सैयद माजरा गांव के पास दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर तेज रफ्तार बजरी से लदा डंपर कार पर पलट गया। हादसे में मां-बेटा, बेटी और दामाद सहित सात लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। सभी एक रिश्तेदार के अंतिम संस्कार में शामिल होने जा रहे थे। गुस्साए लोगों ने एक्सप्रेसवे पर जाम लगा दिया। साढ़े तीन घंटे तक अफसरों, नेताओं समेत सैकड़ों वाहन फंसे रहे। पुलिस ने लाठियां फटकार कर भीड़ को हटाया। 

 

10 of 16
एकसप्रेसवे पर ओवरब्रिज के पास पलट गया डंपर - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
गागलहेड़ी थाने के सोना सैयद माजरा गांव निवासी मेडिकल स्टोर संचालक संदीप सैनी (25) के मामा ऋषिपाल सैनी निवासी मोहद्दीपुर की बृहस्पतिवार शाम बीमारी के कारण मौत हो गई थी। शुक्रवार सुबह अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए संदीप अपनी मां रानी (55), बहन जूली (27), जीजा शेखर (28), भांजे अनिरुद्ध (2) निवासी छांगा मजरी थाना भगवानपुर हरिद्वार, मौसेरे भाई विपिन (22) निवासी दौलतपुर व भाई प्रदीप के ससुर उमेश सिंह (55) निवासी मेहदूदपुर रावली हरिद्वार के साथ पंच कार में जा रहे थे। 

 

11 of 16
हादसे के बाद एक्सप्रेसवे पर टोल प्लाजा से लाठी फटकार कर जाम खुलवाती पुलिस - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
सुबह करीब सवा नौ बजे कार दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर सोना सैयद माजरा गांव के अंडरपास से सहारनपुर की तरफ सर्विस रोड पर पहुंची थी। इसी दौरान देहरादून की तरफ से तेज रफ्तार आ रहा बजरी से लदा ओवरलोड डंपर अनियंत्रित होकर कार के ऊपर पलट गया। हादसा होते ही ग्रामीण दौड़कर पहुंचे और बजरी को हटाने का प्रयास किया लेकिन जेसीबी की मदद लेनी पड़ी। करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद शव बाहर निकाले गए। लोगों ने डंपर के चालक-परिचालक को पकड़कर पुलिस को सौंप दिया।

12 of 16
हादसे में सात लोगों की मौत के बाद मृतकों के परिवार को सांत्वना देते सांसद इमरान मसूद - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
गाड़ी चकनाचूर, शवों की हाल भी हुआ बुरा 
हादसे में बजरी से भरा डंपर कार पर गिरने से कार चकनाचूर हो गई। वहां कार के अंदर फंसे मासूम समेत सात लोगों की मौत हो गई। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। शवों का हाल देख डॉक्टर भी हैरान रह गए। हादसे से बुरी तरह कुचल गए। शवों का हालत बुरी थी।
 

13 of 16
जूली का फाइल फोटो - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
लील रहे जिंदगी, डंपर ने किसी के बेटे को छीना तो किसी का पति
सहारनपुर जिले में लगातार सड़क हादसों का ग्राफ बढ़ता जा रहा है। गागलहेड़ी में डंपर से यह पहला हादसा नहीं है। इससे पहले भी डंपर कई लोगों की जान ले चुका है। डंपर ने किसी के लाल को छीना तो किसी का पति। इन परिवारों को ऐसा दर्द दिया कि वह भूल नहीं पाएगा। यह हाल तब है जब लगातार ओवरलोड वाहनों पर कार्रवाई हो रही।
 

14 of 16
रानी का फाइल फोटो - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
जिले का ऐसा कोई मार्ग नहीं बचा है, जहां से डंपर नहीं गुजरते। पुलिस थानों से लेकर चौकी के सामने डंपरों का आवागमन होता है। सरसावा, चिलकाना, मिर्जापुर, बेहट और साढ़ौली कदीम डंपरों का गढ़ है। डंपर सर्विस मार्ग से लेकर हाईवे तक दौड़ रहे। 
 

15 of 16
संदीप सैनी का फाइल फोटो - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
20 अक्तूबर 2025 को देहरादून-सहारनपुर मार्ग पर बस का इंतजार कर रहे छजपुरा निवासी सुंदर को तेज रफ्तार डंपर ने टक्कर मार दी थी। इसमें युवक की मौके पर ही मौत हो गई थी। चार जुलाई 2025 को बेहट क्षेत्र के गांव संसारपुर में डंपर ने बाइक में पीछे से टक्कर मार दी थी।
 
विज्ञापन

16 of 16
विपिन का फाइल फोटो - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
इसमें फतेहपुर के गांव साहबपुरा निवासी शहजाद और उसके 10 दिन के भतीजे अहमद की मौके पर ही मौत हो गई थी। मृतक की भाभी जेबुनिशा घायल हुई थी। 10 जनवरी 2025 को साढ़ौली कदीम में अलीपुरा दामनकोह निवासी साजिद की डंपर के नीचे आने से मौत हुई थी। यह हादसा गंदेवड़-चिलकाना मार्ग पर गांव लोदीपुर के पास हुआ था। गागलहेड़ी-मुजफ्फरनगर हाईवे पर नागल बस स्टैंड के पास डंपर इसमें छात्र लक्की, नोमान की जान गई थी। मोंटी, गुलबहार, सुमित घायल हुए।
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें