सरकारी तंत्र की लापरवाही का आलम यह है कि शुक्रवार को प्रसव पीड़ा से तड़प रही एक गर्भवती महिला ने चाय की दुकान पर पड़ी बेंच पर ही एक शिशु को जन्म दिया। दुकानदार और अन्य लोग महिला को अस्पताल पहुंचाने के लिए 102 एंबुलेंस सेवा पर कॉल करते रहे, लेकिन कॉल रिसीव नहीं की जा सकी। दुकानदार एवं आसपास मौजूद लोगों ने मिलकर महिला के पति को एक टेंपो किराए पर कराया और उसमें महिला और उसके नवजात शिशु को घर पहुंचाया। यह मामला यूपी के सहारनपुर जनपद का है।
जनपद शामली के थानाभवन क्षेत्र के हथौली गांव निवासी हंसराज मन्नत पूरी होने पर गुरुवार की शाम गर्भवती पत्नी सोनिया और पड़ोसी राजू के साथ देवी दर्शनों के लिए सिद्ध पीठ श्री शाकंभरी देवी पहुंचा था। शुक्रवार की सुबह जब वह रिक्शा से अपने गांव लौट रहे थे, तो हंसराज ने दिल्ली-यमनोत्री हाईवे पर दाऊदपूरा बस स्टैंड पर चाय पीने के लिए एक दुकान पर रिक्शा रोक दी। वह चाय पीने के लिए बेंच पर बैठ गए। अचानक सोनिया को प्रसव पीड़ा होने लगी। इस पर हंसराज व राजू ने दुकानदार तेजपाल से मदद मांगी। बकौल तेजपाल उसने महिला को अस्पताल पहुंचाने के लिए एंबुलेंस सेवा 102 पर कॉल की, लेकिन उसकी कॉल रिसीव नहीं की गई। उसके अलावा भी कई और लोगों ने 102 पर कॉल करने के लिए ट्राई किया लेकिन, किसी की कॉल रिसीव नहीं हो सकी। महिला प्रसव पीड़ा से बेंच पर लेटी हुई तड़पती रही। इसी दौरान सोनिया ने बेंच पर एक बच्चे को जन्म दिया।