आमसभा में व्यापारियों ने कहा कि वे लंबे समय से भाजपा को वोट देते आ रहे हैं लेकिन अब उन्हें लग रहा है कि उनका व्यापार समाप्त करने की साजिश रची जा रही है। व्यापारियों ने हापुड़ अड्डे पर सरकारी जमीन पर बने बाजार को लेकर उच्च न्यायालय के आदेश का हवाला देते हुए राहत की मांग की।
व्यापार बचाओ संघर्ष समिति की ओर से पूर्व पार्षद सतीश गर्ग ने कहा कि सभी व्यापारियों को एकजुट होकर इस लड़ाई को लड़ना होगा। उन्होंने आवास एवं विकास परिषद के अधिकारियों पर मनमानी का आरोप लगाया। गर्ग ने बताया कि सेंट्रल मार्केट के लिए नई भवन निर्माण एवं विकास उप-विधि तैयार की गई थी जिसमें 18 मीटर चौड़ी सड़क पर बाजार बसाया जा सकता था।
उनका आरोप है कि अब इस प्रस्ताव पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है जबकि व्यापारियों को राहत मिलनी चाहिए। सतीश गर्ग ने यह भी कहा कि तत्कालीन कमिश्नर हृषिकेश भास्कर यशोद और अन्य जनप्रतिनिधियों ने बाजार को न तोड़ने का भरोसा दिलाया था। उनके लिखित आदेश के बावजूद आवास विकास विभाग बाजार को गिराने पर आमादा है।
ये तमाम मां-बहनों की लड़ाई: शैंकी वर्मा
सेंट्रल मार्केट में आयोजित आमसभा में व्यापारी नेता शैंकी वर्मा ने कहा कि ये लड़ाई व्यापारियों के साथ ही यहां बैठी तमाम बहनों की भी लड़ाई है। 22 को प्रधानमंत्री का मेरठ आगमन प्रस्तावित है। ऐसे में एक तरफ वे मेरठ में होंगे, दूसरी तरफ बंद होगा।
मोदी पर टिप्पणी, आत्महत्या की चेतावनी
इस दौरान अलका मखीजा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर टिप्पणी की तो सभा में मौजूद भाजपाई असहज हो गए। मगर वे कुछ बोल भी नहीं पाए। वहीं व्यापारी की पत्नी रजनी शर्मा ने कहा कि यदि अब एक भी निर्माण पर हथौड़ा चला, वे आत्महत्या कर लूंगी।