पश्चिम उत्तर प्रदेश में स्थित बेशकीमती शत्रु संपत्तियों की अब नीलामी की जाएगी। मेरठ सदर तहसील, मवाना और सरधना तहसील में 122 शत्रु संपत्तियां हैं। इन संपत्तियों को अवैध कब्जों से मुक्त कराकर नीलामी की प्रक्रिया होगी। गृह मंत्रालय ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि शत्रु संपत्तियों को अब किराए या लीज पर नहीं दिया जाएगा, बल्कि केवल नीलाम किया जाएगा।
मेरठ जनपद में कुल 122 शत्रु संपत्तियां हैं। इनमें से 45 संपत्तियां मेरठ शहर में स्थित हैं, जो सभी आवासीय हैं और अवैध कब्जों की शिकार हैं। शेष संपत्तियां सरधना, मवाना और सदर तहसील में हैं, जिनमें से अधिकांश कृषि भूमि हैं।
प्रशासन 19 कृषि संपत्तियों को कब्जा मुक्त कराकर नीलामी के लिए तैयारी करने का दावा कर रहा है। अभिरक्षक कार्यालय द्वारा सरधना तहसील के गांव महल में एक कृषि भूमि 8.71 करोड़ रुपये में नीलाम हुई थी। उसकी रजिस्ट्री में 70 लाख रुपये से अधिक का स्टांप शुल्क भी अदा किया गया था।
गृह मंत्रालय ने अब निर्देश जारी किए कि शत्रु संपत्तियों को किराए या लीज पर नहीं दिया जाएगा, बल्कि उनकी केवल नीलामी की जाएगी। डीएम डॉ. वीके सिंह ने बताया है कि जनपद में शत्रु संपत्तियां करोड़ों रुपये की हैं। सभी संपत्ति की जानकारी जुटाने में जिला प्रशासन लगा है।