हस्तिनापुर। प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं विभागाध्यक्ष सुनील चौधरी ने शनिवार को डीएफओ वंदना फोगाट के साथ हस्तिनापुर वन रेंज में निर्माणाधीन वन्यजीव रेस्क्यू सेंटर समेत विभिन्न संरक्षण परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने रेस्क्यू सेंटर के निर्माण कार्य की प्रगति और प्रस्तावित व्यवस्थाओं की जानकारी ली। कार्यदायी संस्था सीएनडीएस को गुणवत्ता के साथ समयबद्ध तरीके से निर्माण पूरा करने के निर्देश दिए।
पीसीसीएफ ने कहा कि रेस्क्यू सेंटर में वन्यजीवों के उपचार, सुरक्षित रखने और देखभाल की व्यवस्था का व्यावहारिक परीक्षण कराया जाए। साथ ही अधिकारियों और कर्मचारियों को वन्यजीवों की सुरक्षित नियंत्रण के लिए आवश्यक प्रशिक्षण दिलाने के निर्देश दिए। यहां तैनात कर्मचारियों को कानपुर चिड़ियाघर में प्रशिक्षण दिलाने की बात कही।
इसके बाद उन्होंने कछुआ संरक्षण केंद्र, जलीय जीवों और अभयारण्य के प्रमुख वन्यजीवों पर आधारित स्कल्पचर, हाईटेक क्लास रूम व प्रशिक्षण कक्ष का निरीक्षण किया। मनोहरपुर कॉलोनी स्थित चरक औषधि वाटिका में औषधीय पौधों का जायजा लिया। महाभारत विरासत वाटिका में पिलखन का पौधा रोपा और विरासत वृक्ष वाटिका व पांडव नर्सरी का निरीक्षण किया। इस दौरान मुख्य वन संरक्षक मेरठ समेत वन विभाग के अधिकारी मौजूद रहे। वन क्षेत्राधिकारी खुशबू उपाध्याय ने परियोजनाओं की जानकारी दी।