शहर में रविवार रात व्यापारी मोहित मदान हत्याकांड जैसी वारदात हो गई। रोहटा रोड स्थित न्यू सैनिक विहार में लूटपाट के विरोध में व्यापारी की हत्या कर दी गई। लाखों रुपये की संपत्ति का यह इकलौता वारिस घर में अकेला था। बदमाश नकदी, जेवरात, मोबाइल लूटकर ले गए। पुलिस का दावा कि हत्या के पीछे लाखों की संपत्ति का मामला हो सकता है। व्यापारी के साथ रहने वाले बहन-बहनोई से पुलिस ने पूछताछ की है।
पुलिस के मुताबिक न्यू सैनिक विहार कॉलोनी कंकरखेड़ा निवासी अजय कुमार (35) पुत्र स्व. वीर सिंह ने घर में ही शटल कॉक बनाने की फैक्टरी लगा रखी थी। दो शिफ्टों में कारीगर काम करते थे। अजय के माता-पिता व भाई की मौत चुकी है। वह परिवार का इकलौता बेटा था। उसकी बहन अनीता की शादी देशवीर से हुई थी। बहन-बहनोई उसके साथ सैनिक विहार में रहते थे। रविवार की रात अजय घर पर अकेला था। बहन-बहनोई हरिद्वार गए हुए थे।
सोमवार सुबह कारीगर संदीप काम करने पहुंचा तो अजय का शव बेड पर देखकर उसकी चीख निकल गई। उसके गले पर निशान थे और कपड़े फटे थे। सूचना पर इंस्पेक्टर कंकरखेड़ा मौके पर पहुंचे। अजय की हत्या की खबर पाकर बहन-बहनोई दोपहर तक घर पहुंचे। घर में सामान इधर-उधर बिखरा था। उन्होंने पुलिस को बताया कि घर में रखे 25 हजार रुपये, करीब एक लाख कीमत की ज्वैलरी व अजय का मोबाइल गायब है। अंदेशा है कि रात में बदमाश लूट के इरादे से घर में घुसे होंगे। अजय के विरोध करने पर गला दबाकर उसकी हत्या कर दी होगी। इस मामले में अजय के चाचा विक्रम सिंह ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ तहरीर दी है। इंस्पेक्टर एपी मिश्रा का कहना है कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। प्रथम दृष्टया हत्या में कोई करीबी शामिल हो सकता है। व्यापारी की हत्या के पीछे उसकी लाखों रुपये की संपत्ति हो सकती है। जिस पर जांच चल रही है।
हनुमान भक्त था अजय
पुलिस के मुताबिक घटनास्थल के निरीक्षण के दौरान कई बातें सामने आईं। जांच में सामने आया कि अजय धार्मिक प्रवृति का था। उसे हनुमान भक्त कहा जाता था। उसने हनुमान मंदिर पर रहना शुरू कर दिया था। उसने घर में भी देवी-देवताओं की बड़ी-बड़ी तस्वीरें और लाल झंडे लगा रखे थे। सुबह-शाम वह पूजा करता था। वारदात के दौरान माना जा रहा है कि कोई परिचित अजय से मिलने पहुंचा था। घर की रसोई में आलू उबले हुए मिले। जिससे साफ है कि खाना बनाया जा रहा था। इस दौरान अजय को गला दबाकर मार दिया गया। हत्यारे वारदात के बाद आसानी से चले गए।
हत्या से किसको फायदा
पुलिस के अनुसार अजय का सरूरपुर क्षेत्र में गांव है। जहां पर खेती की जमीन और घर है, जिसकी कीमत करीब तीस लाख रुपये बताई गई। न्यू सैनिक विहार में अजय का खुद का मकान था, जिसकी कीमत करीब 20-25 लाख रुपये होगी। अजय संपत्ति का इकलौता वारिस था। इस बात की जांच हो रही है कि उसकी मौत का किसको फायदा होगा।
कुत्ते भौंकने की नहीं सुनी आवाज
पड़ोसी धर्मेंद्र ने बताया कि देरशाम उसकी अजय से दो-चार मिनट मुलाकात हुई थी। उसने बताया था कि बहन-बहनोई हरिद्वार गए हैं। मेहमान भी घर आने वाले हैं। उनके दावत पानी का प्रबंध करने में लगा हूं। अजय ने एक कुत्ता भी पाला था। जो घर में किसी अपरिचित को घुसने तक नहीं देता है। पड़ोसियों का कहना है कि उन्होंने कुत्ते के भौंकने की आवाज नहीं सुनी। अब वे मेहमान कौन थे, जो घर पर आने वाले थे और कुत्ता क्यों उन पर नहीं भौंका, इसकी जांच चल रही है।
बहनोई से घंटो पूछताछ
एसपी सिटी अखिलेश नारायण सिंह ने बताया कि बहनोई देशवीर से घंटो पूछताछ की है। अजय के शरीर पर चोट की निशान भी मिले। पोस्टमार्टम रिपोर्ट की जांच कराई जा रही है। वारदात के दौरान बहनोई ने हरिद्वार में होना बताया है। यह भी देखा जा रहा है इस बीच घर पर कौन ऐसा परिचित आया, जिसके लिए किचन में खाने का सामान बनाया जा रहा था। बेहद करीबी पर हत्या होने का शक है।
मोहित मदान हत्याकांड जैसा न हो जाए
शास्त्रीनगर में विगत 24 फरवरी को व्यापारी मोहित मदान की डकैती के दौरान हत्या हुई थी। डेढ़ माह बीतने के बाद भी पुलिस खाली हाथ है। मोहित भी घर पर अकेला था। बदमाश हत्या के बाद लूटपाट कर फरार हो गए। इस वारदात में भी मोहित का मोबाइल गायब हुआ था। व्यापारी अजय की हत्या भी इसी तरह से हुई है। यह मोहित मदान हत्याकांड जैसा न हो जाए, इसको देखते पुलिस गंभीरता से जांच में जुटी है।