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ये है सरकारी पढ़ाई, स्कूल बुलाकर कराई जा रही सफाई

Wed, 25 Oct 2017 12:37 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ वाहिद अली, मेरठ
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स्कूल में झाड़ू लगाती बच्ची - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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मेरठ में बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा संचालित किराए के भवनों में स्कूलों का हाल किसी से छुपा नहीं है। अमर उजाला की टीम ईदगाह रोड स्थित प्राथमिक विद्यालय कन्या नंबर एक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालय आनंदपुरी पहुंची। अमर उजाला अभियान के तहत पहले कई स्कूलों की स्थिति जैसी रही वैसी ही स्थिति आज यहां भी देखने को मिली। किराए के भवन में संचालित स्कूल में बच्चों की पढ़ाई भगवान भरोसे ही चल रही है। 
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शहर के सरकारी स्कूलों का हाल बद से बदतर होता जा रहा है। विभागीय अधिकारी सरकारी स्कूलों को लेकर कितने गंभीर हैं। ये तो स्कूलों का हाल देखकर पता चल रहा है। मंगलवार को अमर उजाला की टीम जब आनंदपुरी के सरकारी स्कूल में पहुंची। तो प्राथमिक विद्यालय में एक बच्ची झाड़ू लगा रही थी। जबकि अन्य सभी बच्चे स्कूल के बाहर खेल रहे थे। स्कूल में एक ही शिक्षामित्र रूबीना खान कमरे में स्कूल का काम कर रही थी। स्कूल में बिजली भवन मालिकों द्वारा काट दी गई। नाले के ऊपर चल रहे स्कूल के अंदर की ओर लोहे का जाल पड़ा है। खुले नाले से स्कूल में मच्छर, कीड़े, कॉकरोच आते-जाते रहते हैं। प्रधानाचार्य डेंगू से पीड़ित है। इस प्राथमिक विद्यालय में कुल 34 बच्चों के ही एडमिशन हुए हैं। दो कमरों में पांच कक्षाएं चल रही हैं।
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तीन कक्षाओं में कुल 11 बच्चे स्कूल में पढ़ने आते हैं

बिजली, पानी और मूलभूत सुविधा के बिना हो रही पढ़ाई - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
शिक्षामित्र रूबीना खान ने बताया प्रधानाचार्य देवेंद्र शर्मा डेंगू के कारण, जबकि एक सहायक अध्यापक रश्मि जैन भी छुट्टी पर चल रही हैं। इसी भवन में उच्च प्राथमिक विद्यालय भी संचालित है, जिसमें तीन कक्षाओं में कुल 11 बच्चे स्कूल में पढ़ने आते हैं। लेकिन मंगलवार को स्कूल में मात्र दो ही बच्चे स्कूल आये थे। इस विद्यालय में इंचार्ज प्रधानाध्यापक रेणू शर्मा मौजूद थी। रेणू शर्मा के अनुसार बच्चे स्कूल आते हैं, लेकिन जल्दी चले जाते हैं। क्योंकि बच्चे काम पर जाते हैं। स्कूल के समय से पहले ही उनके परिजन लेने आ जाते हैं। अगर सख्ती करो तो बच्चों को स्कूल ही नहीं भेजते। उच्च प्राथमिक स्कूल में कुल 11 बच्चों में कुछ बुखार के कारण नहीं आये। दोनों स्कूलों में पीने के पानी की कोई व्यवस्था नहीं है। 

नगर शिक्षा अधिकारी एसके गिरी ने भी किराए के भवनों को लेकर खेद व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि किराए के भवनों को लेकर जो उचित होगा वह करेंगे। लेकिन समस्या का हल निकालने में समय लग सकता है। 

बेसिक शिक्षा अधिकारी सतेंद्र कुमार ढाका ने बताया कि आनंदपुरी स्थित प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक स्कूल में भवन मालिक से विभाग का विवाद चल रहा है। मात्र 80 रुपये किराया होने के चलते मकान मालिक से विवाद चल रहा है। इसके चलते मालिक ने स्कूल की बिजली भी काट कर दी है। जबकि भवन में अन्य किसी प्रकार का निर्माण कराने की अनुमति मालिक को ही होती है। इसके चलते स्कूल में बच्चों और शिक्षिकाओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मामले में विभाग गंभीर है जल्द ही स्कूलों की व्यवस्था को लेकर निर्णय लिया जाएगा।

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