मेरठ। लिसाड़ी गेट थाना क्षेत्र के समर गार्डन में मकान खाली कराने के विवाद को लेकर जमकर पथराव हुआ। मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मियों से धक्का-मुक्की करते हुए वर्दी फाड़ दी गई। पुलिस दोनों पक्षोंं को थाने ले आई और मुकदमा दर्ज कर लिया।
मुजफ्फरनगर के खालापार निवासी शफीक अहमद ने अपना मकान बेटी की जेठानी इंतशा पत्नी इमरान को बेच दिया था। उसके बाद इंतशा अपनी बहन आशमां, मां मुन्नी और भाई नईम के साथ मकान में रहने लगी। इसी बीच शफीक का आरोप है कि इंतशा के पति ने मकान खरीदारी के लिए ली गई रकम को वापस ले लिया। उसके बाद भी मकान खाली नहीं कर रहे थे। शफीक की तरफ से पुलिस ने मकान पर कब्जे का मुकदमा दर्ज किया। इंतशा का आरोप है कि बृहस्पतिवार को लिसाड़ी गेट पुलिस से सेटिंग करने के बाद शफीक पुलिस की फैंटम लेकर घर पर पहुंचा और उनका सामान बाहर फेंकने लगा। इसी बीच महिलाओं ने छत पर चढ़कर पथराव कर दिया। उसके बाद लिसाड़ी गेट थाने से बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा।
महिलाओं को घर से जबरन बाहर निकालने लगे। महिलाओं के विरोध करने पर पुलिस ने बाल पकड़कर खींचा। उसके बाद पुलिस से धक्का मुक्की में वर्दी भी फट गई। तब पुलिस ने सभी महिलाओं को जीप में डाला और थाने लेकर आ गई। साथ ही शफीक को भी थाने लाया गया। इसके बाद पुलिस की तरफ से दोनों पक्षों को नामजद करते हुए मुकदमा दर्ज किया गया। इंतशा का कहना है कि शफीक को घर की पूरी कीमत दी जा चुकी है। अब वह लिसाड़ीगेट पुलिस के साथ मिलकर मकान खाली कराने में लगा हुआ है। सीओ कोतवाली आशुतोष कुमार का कहना है कि मकान के विवाद था। पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे तो उनके साथ भी खींचतान हो गई थी। दोनों पक्षों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।