मेरठ। विश्व योग दिवस पर शनिवार को शहर के किशोर, युवा, बड़े-बुजुर्ग और महिलाओं सहित सभी वर्ग के लोग निरोग रहने के संकल्प के साथ योग करेंगे। योग विज्ञान संस्थान, पतंजलि योग समिति, भारत स्वाभिमान ट्रस्ट सहित विभिन्न संगठनों की ओर से शहर में 200 से अधिक स्थानों पर योग शिविर लगाए जाएंगे।
योग विज्ञान संस्थान के प्रांतीय प्रधान प्रदीप गुप्ता ने बताया कि योग शिविरों में प्राणायाम, आसन, ध्यान और आयुर्वेदिक जीवनशैली पर प्रशिक्षण दिया जाएगा। शुगर, हर्निया, साइटिका, मोटापा, पेट संबंधी रोग, उच्च रक्तचाप, जोड़ों का दर्द, माइग्रेन, तनाव और नेत्र ज्योति वृद्धि जैसे रोगों में योग की भूमिका के बारे में बताया जाएगा। विशेष रूप से अनुलोम-विलोम, भस्त्रिका, कपालभाति, मंडूकासन, वज्रासन और सूर्य नमस्कार जैसे योगाभ्यास बेहद लाभदायक हैं।
योग विज्ञान संस्थान के पूर्वी जिला प्रधान सुनील सैन ने कहा कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि मन, शरीर और आत्मा के संतुलन का विज्ञान है। नियमित योग से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है। असाध्य रोगों से लड़ने में मदद मिलती है।
संस्थान द्वारा आयोजित शिविरों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण से योग की तकनीकों को सिखाया जाता है। शहर के गंगानगर, शास्त्रीनगर, मवाना रोड, दिल्ली रोड और बागपत रोड जैसे क्षेत्रों में योग शिविर चल रहे हैं। इनमें बच्चे, युवा, महिलाएं और वरिष्ठ नागरिक उत्साहपूर्वक हिस्सा ले रहे हैं। शास्त्रीनगर से योग गुरु जेपी गर्ग ने बताया कि योग दिवस पर सीसीएस यूनिवर्सिटी, रुड़की रोड, दिल्ली रोड, सूरजकुंड पार्क, कंपनी गार्डन सहित विभिन्न पार्क, कॉलोनी, क्लब में योग कराया जाएगा।
ये बोले साधक....
- देवलोक कॉलोनी निवासी डॉ. बीके गुप्ता ने बताया कि वह 30 साल से नियमित योग कर रहे हैं। वर्ष 1995 में चिकित्सकों ने उन्हें हर्निया बताते हुए ऑपरेशन की सलाह दी थी। कई चिकित्सकों ने आपरेशन की बात कही। डॉ. बीके गुप्ता ने बताया कि तब उन्होंने योग का मार्ग चुना। लगातार चार माह तक पवनमुक्त आसन और अन्य आसन करने से हर्निया पूरी तरह ठीक हो गया।
- 15 साल से नियमित योग कर रहींं अनीता राणा ने बताया कि वह 2011 में थायरॉइड का पता चला। योग और प्राणायाम से बहुत लाभ मिला। अब शरीर में ऊर्जा बनी रहती है। सुबह पांच बजे उठकर नियमित योग करते हैं।
- कंकरखेड़ा निवासी देवेंद्र ने बताया कि उनका वजन 105 किलो तक पहुंच गया था। वह शुगर की समस्या से भी ग्रस्त हो गए। ऐसे में उन्होंने नियमित योगाभ्यास किया। नियमित योग से वजन 80 किलो तक आ गया है। योग के कारण नींद भी अच्छी आती है।
- ब्रह्मपुरी निवासी पवन गोयल ने बताया कि वर्ष 2006 से योग क्लास में जा रहे हैं। वजन तब 90 किलो था। ऐसे में आलस्य रहता था। काम में मन नहीं लगता था। टांसिल भी हो गए थे। चिकित्सकों ने ऑपरेशन की सलाह दी। नियमित योग से वजन कम हो गया और टांसिल भी ठीक हैं।
- दिल्ली रोड क्षेत्र में रहने वाली इशिता गुप्ता ने बताया कि वह हाइट कम होने के कारण एयरलाइंस में केबिन क्रू के रूप में जॉब नहीं लग पा रही थी। योग क्लास में आने से हाइट बढ़ी और बीपी भी ठीक हो गया है। उन्होंने दावा किया तीन सेंटीमीटर हाइट हाइट बढ़ गई और जॉब भी लग गई।