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फकरपुर कबट्टा में जलद बनेगा यूटर्न और कट

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गांव का बट्टा निवासी ग्रामीणों की समस्या को लेकर एनएचएआई के पीढ़ी से वार्ता करते किठौर विधायक सत? - फोटो : KITHOR
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खरखौदा/मेरठ। मेरठ से बुलंदशहर तक बन रहे एनएच-235 के निर्माण में भी किसानों ने अड़ंगा लगाया हुआ है। गांव फकरपुर कबट्टा गांव के ग्रामीण यूटर्न व कट की मांग को लेकर छह दिन से धरने पर बैठे हुए हैं। आश्वासन के बाद भी असंतुष्ट ग्रामीण यूटर्न व कट न बनने तक धरने पर डटे रहने की बात कर रहे हैं। बुधवार को एनएचएआई के पीडी व किठौर विधायक मौके पर पहुंचे। पीडी ने दो दिन बाद कट पर कार्य शुरू करने की बात कही है।
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मेरठ से बुलंदशहर तक बनाए जा रहे राष्ट्रीय राजमार्ग पर मेरठ से हापुड़ तक करीब 90 प्रतिशत कार्य पूरा हो गया है। एनएचएआई ने इस मार्ग को बनाने के लिए जो मानचित्र पास किया उसमें समय-समय पर कई बदलाव किए गए। अभी भी भौगोलिक स्थिति को देखते हुए कई बदलावों की मांग की है। ग्रामीणों ने अपनी मांग पूरी न होने तक धरने पर बैठने की बात कही थी तथा एनएचएआई व निर्माण कंपनी के अधिकारियों को बंधक बना लिया था। पुलिस के समझाने के बाद ग्रामीणों ने अधिकारियों को बंधनमुक्त कर दिया था। एनएचएआई के अधिकारियों ने गांव कबट्टा के लिए यूटर्न व कट के लिए शासन को प्रस्ताव भेजने की बात कही थी। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि जब तक यूटर्न नहीं बन जाता तब तक वो रात- दिन धरने पर डटे रहेंगे। ग्रामीणों की मांग पर बुधवार को किठौर विधायक सत्यवीर त्यागी व एनएचएआई के पीडी मौके पर पहुंचे। कबट्टा सहित कैली गांव के ग्रामीण भी मौके पर आ गए। उन्होंने भी अपने रास्ते के लिए कट की मांग की। इसमें परियोजना निदेशक ने दो दिन में कार्य शुरू कराने का आश्वासन दिया, लेकिन ग्रामीणों का कहना है कि जब तक कार्य शुरू नहीं हो जाता तब तक धरना जारी रहेगा।
जल्द होगा काम
किसानों की मांग पर एनएचएआई के परियोजना निदेशक को मौके पर बुलाया गया। उन्होंने दो दिन बाद ही इस यूटर्न पर कार्य कराने की मांग कही है। जल्द ही कैली गांव के रास्ते का भी निस्तारण होगा। -सत्यवीर त्यागी, किठौर विधायक
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बाद में लेंगे अनुमति
प्रशासन से अनुमति लेने की प्रक्रिया एक माह की है, लेकिन ग्रामीणों की मांग पर कार्य जल्द ही शुरू करा दिया जाएगा। अनुमति बाद में करा ली जाएगी। -डीके चतुर्वेदी, परियोजना निदेशक, एनएचएआई
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