तहसील दिवस में नहीं आए आठ अधिकारी
मवाना। तहसील समाधान दिवस पर एसडीएम व तहसीलदार ने फरियादियों की समस्याएं सुनी। संबंधित विभाग के अधिकारियों को समाधान करने का आदेश दिया। तहसील दिवस में अनुपस्थित रहने पर चार थाना प्रभारियों सहित आठ अधिकारियों से 3 दिन में स्पष्टीकरण देने के आदेश दिए। तहसील दिवस में आई 85 समस्याओं में से मात्र नौ का ही मौके पर निस्तारण हो सका। वहीं सरधना तहसील में 127 शिकायतें आईं, जिनमें से एक का भी समाधान नहीं हो सका।
समाधान दिवस में उपजिलाधिकारी अंकुर श्रीवास्तव, तहसीलदार अजय उपाध्याय ने फरियादियों की जनसमस्याएं सुनी। प्रधान जयसिंहपुर, संजय राणा, पवन कुमार राणा ने कृषि इंटर कॉलेज जयसिंहपुर में छात्र छात्राओं से अवैध वसूली किए जाने, गांव रहावती निवासी मोहित मलिक ने 2 लाख रुपये कीमत के 28 पेड़ काटने का एक व्यक्ति पर आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराने, गांव मवाना खुर्द के लोगों ने बिजली आपूर्ति ढिकौली बिजलीघर से कराए जाने की मांग की। कुल 85 शिकायतों में से 9 का ही मौके निस्तारण हो सका। शिकायतों में राजस्व की 29, पुलिस विभाग की 12 के अलावा अन्य 37 समस्याएं आई। उप जिलाधिकारी ने नगर पंचायत बहसूमा ईओ, वन क्षेत्राधिकारी परीक्षितगढ़, सहायक विकास अधिकारी समाज कल्याण, एस किठौर, फलावदा, परीक्षितगढ़ व भावनपुर द्वारा 11.15 बजे तक तहसील दिवस में उपस्थित नहीं रहने पर 3 दिन में स्पष्टीकरण देने के आदेश दिए हैं।
समस्या का नहीं हो सका निस्तारण
सरधना। समाधान दिवस में एडीएम सुभाष चंद प्रजापति, एसडीएम अमित कुमार भारतीय, सीओ पंकज सिंह, तहसीलदार अवनीश कुमार ने लोगों की जन समस्याओं को सुना। इसमें पुलिस-राजस्व-शिक्षा विभाग से संबधित कुल 127 शिकायतें आईं। इसमें से एक भी शिकायत का मौके पर निस्तारण नहीं हो सका। शिकायतों में नगर के लोगों ने साफ सफाई व्यवस्था दुरुस्त कराने की मांग की। इनमें सलीम, इकराम, मोबीन शामिल रहे। मोहल्ला हरलालपुरा निवासी आनंद गिरी पुत्र चेतन ने मारपीट का आरोप लगाए हुए आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग की। उधर, जुल्हैड़ा के ग्रामीणों ने तालाब को कब्जा मुक्त कराने की मांग की। एडीएम ने समस्याओं का गुणवत्तापूर्वक निस्तारण करने के लिए अधीनस्थ अधिकारी व कर्मचारियों को निर्देशित किया। इस दौरान लेखपालों ने विभिन्न समस्याओं को लेकर हड़ताल भी रखी।