पीएमओ ने लिया संज्ञान, पुलिस ने अफवाह फैलाने वाले पर दर्ज किया मुकदमा
वीवीआईपी पास होने के बाद भी प्रवेश न मिलने पर हुई धक्का मुक्की
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। शताब्दीनगर में प्रदीप मिश्रा की शिव महापुराण कथा के छठे दिन शुक्रवार दोपहर लगभग एक बजे कथा स्थल के मुख्य द्वार पर भगदड़ मच गई। इसमें पांच महिला श्रद्धालु गिरकर चोटिल हो गईं। अन्य श्रद्धालुओं ने जमीन पर गिरी महिलाओं को उठाया और पुलिस फोर्स ने स्थिति पर काबू पाया। घटना का वीडियो क्लिप सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
पीएमओ (प्रधानमंत्री ऑफिस) ने घटना पर संज्ञान लेकर अधिकारियों को निर्देश दिए। इसके बाद एडीजी, कमिश्नर, डीएम, एसएसपी सहित आलाधिकारी मौके पर पहुंचे। कथा संपन्न होने तक कंट्रोल रूम में एडीएम वित्त सहित पुलिस के कई अधिकारी मौजूद रहे। कथा स्थल पर पुलिस बल भी बढ़ा दिया गया। देर रात पुलिस ने अफवाह फैलाने वाले अज्ञात आरोपी पर मुकदमा दर्ज कर लिया। एसएसपी डॉ. विपिन ताडा ने बताया कि अफवाह फैलाने वाले के अज्ञात आरोपी के खिलाफ चौकी इंचार्ज शास्त्रीनगर सेक्टर-4 मनोहर लाल की तहरीर पर परतापुर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है।
शिव महापुराण कथा प्रतिदिन दोपहर एक बजे से शाम चार बजे तक आयोजित की जा रही है। 25 हजार से 30 हजार लोग कथा की शुरुआत यानि 15 दिसबंर से पंडाल में रुके हुए हैं। शहर के ज्यादातर होटल फुल हैं। कथा आरंभ होने से चार घंटे पूर्व ही अन्य श्रद्धालुओं का आना शुरू हो जाता है। ऐसे में प्रतिदिन श्रद्धालुओं की संख्या एक लाख से अधिक पहुंच रही थी। कथा के छठे दिन भीड़ दोगुना हो गई।
वीवीआईपी और वीआईपी गैलरी फुल होने पर कथा आरंभ होने से एक घंटे पूर्व प्रवेश बंद कर दिया गया। ऐसे में मुख्य द्वार पर काफी संख्या में महिला और पुरुष एकत्रित हो गए। वीवीआईपी पास होने के बाद भी प्रवेश न मिलने पर हुई धक्का मुक्की होने लगी। प्रवेश के लिए श्रद्धालुओं की बाउंसरों से भी बहस हुई।
कुछ लोगों ने आगे की तरफ खड़े 40 से 50 लोगों को पीछे खदेड़ने का प्रयास किया। ऐसे में धक्का-मुक्की होने पर भगदड़ के हालात बन गए। इसी दौरान पांच महिलाएं गिरकर चोटिल हुईं। आयोजक और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तुरंत तीनों महिला और उनके परिजनों ने दूसरे द्वार से अंदर जाने की अनुमति दे दी गई, जिसके बाद मामला शांत हो गया।
वीडियो क्लिप वायरल होने पर मची खलबली
कथा के दौरान तीन महिलाओं के गिरने का वीडियो क्लिप वायरल करने वालों ने भगदड़ की सूचना भी वायरल की। पुलिस-प्रशासन के मौके पर हालात काबू करने के बावजूद ये वीडियो तेजी से वायरल होते रहे। इससे अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। कथा में पहुंचे श्रद्धालुओं के परिजन व श्रद्धालु चिंतित हो गए। वहीं, अधिकारी भगदड़ न होने का हवाला देते रहे।
कथा के अंत तक कंट्रोल रूप में रहे अधिकारी
शिव महापुराण आरंभ होने से खत्म होने तक जब तक श्रद्धालु कथा स्थल से बाहर नहीं निकल गए। एडीएम वित्त और पुलिस अधिकारी कंट्रोल रूप में बैठकर संपूर्ण व्यवस्था बनाने में जुटे रहे। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने हर घंटे फोन पर कथा के विषय में जानकारी लेते रहे।
कथा व्यास ने किया श्रद्धालुओं को शांत
कथा व्यास प्रदीप मिश्रा ने कहा जब कोई अच्छा या धार्मिक आयोजन होता है। उसमें कई तरह की विघ्न बाधाएं आती हैं। लोग वीडियो क्लिप बनाकर भी वायरल करते हैं। उन्होंने मीडियाकर्मियों का आभार प्रकट करते हुए कहा कि वह धर्म का प्रचार कर रहे हैं।
नहीं मची कोई भगदड़
कथा में कोई भगदड़ नहीं मची। गेट पर कुछ अफरा-तफरी थी। एक लाख से अधिक श्रद्धालु कथा स्थल पर पहुंचे। कथा शांतिपूर्ण ढंग से हुई है।
- संदीप गोयल, मुख्य यजमान, शिव महापुराण कथा
संशोधित... एडीजी का बयान
मुख्य द्वार पर महिलाएं गिरीं : एडीजी
कथा स्थल के मुख्यद्वार पर एक कार जा रही थी, जिसकी चपेट में आने से महिला जमीन पर गिर गई। उसको उठाने के चक्कर में अन्य महिला गिर पड़ी। महिलाओं को तुरंत ही उठाकर कथा में अंदर भेज दिया था। कथा न बंद हुई और न वहां पर भगदड़ मची। पुलिस फोर्स भी मुस्तैद था। बेवजह अफवाह फैली है। सबकुछ ठीकठाक चल रहा है।
- ध्रुवकांत ठाकुर, एडीजी, मेरठ
बेवजह अफवाह न फैलाएं : डीएम
कथा में श्रद्धालुओं की संख्या कुछ अधिक रही। सुरक्षा की सभी व्यवस्था की गई हैं। कोई हताहत नहीं है। बेवजह अफवाह न फैलाएं।
- दीपक मीणा, जिलाधिकारी, मेरठ
कथास्थल पर पहुचे पुलिस व् प्रशासनिक अधिकारी