मेरठ। जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 और 35ए हटने के बाद भी स्पोर्ट्स इंडस्ट्री को राहत नहीं मिली है। जिस तरह से पहले उद्यमियों को कश्मीरी विलो लाने में परेशानी होती थी। नए गजट के बाद भी इसमें कोई बदलाव नहीं किया है। ये बातें शुक्रवार को आईआईए भवन में उद्यमियों से चर्चा करने पहुंचे कौशल विकास राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल से कारोबारियों ने कहीं। उद्यमियों ने कहा कि तमाम ऐसे बिंदु हैं जिनमें बदलाव की जरूरत है। राज्यमंत्री ने सभी समस्याओं के समाधान का भरोसा दिलाया।
कौशल विकास मंत्री ने कहा कि वे अनुच्छेद 370 और 35ए हटने के बाद जगह-जगह जाकर इंडोर 15 से 20 लोगों की बैठक कर रहे हैं। ताकि उनको हर किसी की बात सुनने का मौका मिल सके। जो समस्याएं हैं उनको दूर किया जा सके। उद्यमियों ने कहा कि अनुच्छेद 370 और 35ए के समय वहां पर जरूरतमंदों तक वो अनुदान पहुंचता ही नहीं था, उसे अफसर ही हड़प कर लेते थे। ऐसे में सरकारी महकमे में जो भ्रष्टाचार फैला हुआ है उसको खत्म करने की जरूरत है। उद्यमियों ने बताया कि सांसद राजेंद्र अग्रवाल ने संसद में स्पोर्र्ट्स इंडस्ट्री की खस्ता हालत को बया किया था, लेकिन इसके बाद भी कुछ नहीं हो रहा है। कश्मीर में डुप्लीकेट बैट बनाकर बेचे जाते हैं। उनमें ड्रग्स तक भरकर सप्लाई की जाती है। उन्होंने कहा कि 55 पेज के गजट में से अधिकतर पुरानों को नहीं हटाया गया है, जिसके कारण नए गजट में भी लकड़ी लाना अपराध की श्रेणी में है।
उद्यमियों ने ये किए सवाल
- कब से देश का कोई भी उद्यमी जम्मू कश्मीर में जमीन खरीद सकता है, ताकि उद्योग धंधे लगाए जा सकें ?
- पाकिस्तानियों को कश्मीरी विलो बेहद आसानी से मिल जाती है, हमें क्यों नहीं मिलती ?
- नया गजट नौ अगस्त 2019 को जारी किया गया है, उसमें कुछ बिंदुओं में कोई बदलाव क्यों नहीं किया गया?
अफसर कर रहे प्रधानमंत्री को बदनाम
जीएसटी पर उद्यमियों ने कहा कि सात दिन में पैसे का रिफंड देने की बात कही थी, लेकिन एक जुलाई से आज तक का रिफंड नहीं मिला। ऐसे में कारोबार कैसे किया जा सकता है। ऐसे तो इंडस्ट्री बंद हो जाएगी। उद्यमियों ने बताया कि नौकरशाही प्रधानमंत्री को बदनाम करने पर तुली है। कस्टम अधिकारी माल को निकलने नहीं दे रहे हैं, जो काम पहले दो दिन में होता था वह अब 15 दिन में भी नहीं हो रहा है।
प्रधानमंत्री ने किया जो काम वह कोई सरकार नहीं कर पाई
कौशल विकास राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि श्यामा प्रसाद मुखर्जी जिसके लिए बलिदान हो गए। उस काम को करने की ताकत किसी सरकार ने नहीं दिखाई। लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यह करके दिखा दिया। वहां लोग कहते थे कि अगर इन दोनों को हटाया तो सूरत बदल देंगे। कश्मीर में जबसे इनको हटाया है, पत्ता तक नहीं हिला।
इन उद्यमियों से की मुलाकात
राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल ने आईआईए के पदाधिकारियों से तीन बजे बैठक का समय रखा था। व्यस्तता के कारण वे पांच बजे आईआईए पहुंच पाए। यहां पर उन्होंने चेयरमैन अनुराग अग्रवाल, सेकेंट्री अंकित सिंघल, अतुल भूषण गुप्ता, एन मल्होत्रा, गिरीश मोहन गुप्ता, अजय रस्तोगी, राजीव सिंघल सेक्रेट्री परतापुर इंडस्ट्रियल क्षेत्र और सुमनेश अग्रवाल के साथ उन्होंने मीटिंग की। उद्यमियों से बात करने के बाद उन्होंने कहा कि वे इन सभी बातों को केंद्र सरकार के पास पहुंचाएंगे। इस मौके पर आईटीआई के संयुक्त निदेशक सुशील कुमार, नोडल प्रधानाचार्य पीपी अत्री, प्रधानाचार्य बनी सिंह चौहान भी मौजूद रहे।
यहां भी किया संपर्क
मीनाक्षीपुरम में कर्नल अमरदीप त्यागी ब्रह्मदेव सिंह, डॉ. कर्नल राहुल शर्मा, कर्नल सिवाच, कर्नल विजेंद्र सिंह राणा, सूबेदार मेजर ब्रह्म सिंह से संपर्क किया। मनोरंजन पार्क साकेत में राष्ट्रीय कवि सौरभ सुमन, अनामिका अंबर समेत अन्य कवियों और सीसीएसयू में अंतरराष्ट्रीय कुश्ती खिलाड़ी अलका तोमर से मिले। फूलबाग कॉलोनी में मनोज वर्मा के आवास पर इतिहासकारों व साहित्यकारों से भेंट की। प्रसिद्ध इतिहासकार डॉ किरण सिंह उपाध्याय ने कश्मीर के गौरवशाली इतिहास की जानकारी दी। प्रोफेसर बी एल शर्मा सुरेंद्र पाल त्यागी सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य उपस्थित रहे। संपर्क अभियान में महानगर अध्यक्ष मुकेश सिंघल, सतीश गर्ग, अनुराग बिश्नोई, मनीष उपाध्याय संजीव शर्मा मौजूद रहे।