मेरठ। एमबीबीएस कॉपी घोटाले में बृहस्पतिवार को एसआईटी लखनऊ की टीम ने पांच घंटे तक सीसीएसयू के गेस्ट हाउस में आठ अधिकारियों एवं कर्मचारियों के बयान दर्ज किए। एसआईटी पूर्व में 31 कर्मचारियों के बयान दर्ज कर चुकी है। इन सभी को फिर से बयान दर्ज कराने के लिए शुक्रवार को बुलाया है।
17 मार्च 2018 को एसटीएफ मेरठ की टीम ने छात्र कविराज और विवि के तीन कर्मचारियों समेत आठ लोगों को गिरफ्तार किया था। खुलासा किया था कि कैंपस का छात्र नेता कविराज विवि के कर्मचारियों की मदद से एमबीबीएस की कॉपियां बदलवा देता था। एमबीबीएस के अतिरिक्त स्नातक और स्नातकोत्तर की कॉपी भी बदलने की जानकारी सामने आई थी। मेडिकल थाने में रिपोर्ट दर्ज होने के बाद शासन के निर्देश पर जांच लखनऊ एसआईटी को दे दी गई थी। लखनऊ एसआईटी पहले ही तीन महीने में अब तीसरी बार एसआईटी लखनऊ टीम बयान दर्ज करने आई। यहां बृहस्पतिवार को आठ कर्मचारियों के बयान दर्ज किए गए। जिन 31 कर्मचारियों के पहले बयान हो चुके हैं, उन्हें शुक्रवार को दोबारा बुलाया है। इस मामले में टीम 30 से अधिक कॉपियां भी ले जा चुकी है। ये सभी कर्मचारी साल 2016 से 2018 तक आंसर सेक्शन बुक में तैनात रहे हैं।