मेरठ। शासन के आदेश पर बुधवार रात को कोतवाली की छत से सायरन बजने के बाद ब्लैक आउट कर दिया गया। पूरे क्षेत्र की बिजली गुल होने के बाद आतंकी और पाकिस्तानी हमला होने के बाद किस तरह से सुरक्षा करनी है, इसके बारे में बताया गया। व्यापारियों ने अपने प्रतिष्ठान बंद कर दिए। पुलिस ने पैदल मार्च निकालकर बुढ़ाना गेट, सुभाष बाजार, खंदक के बाजार बंद कराए। इस दौरान पुलिस ने किसी को भी वाहन को नहीं जाने दिया और उनकी लाइट भी बंद करा दी गई।
विज्ञापन
सीओ कोतवाली आशुतोष कुमार, थाना प्रभारी कोतवाली योगेंद्र कुमार मय फोर्स कोतवाली थाने पहुंचे। उन्होंने यहां विद्युत विभाग के कर्मचारियों और अधिकारियों से वार्ता की। ठीक साढ़े सात बजे कोतवाली थाने की छत से सायरन बज गया। जिसके बाद 07:30 से 07:40 तक तक ब्लैक आउट कर दिया गया। सिविल डिफेंस के कर्मचारी भी मौके पर व्यवस्था संभाले हुए थे। इस दौरान पुलिसकर्मियों ने एलाउंसमेंट भी किया। यहां एकत्र हुई भीड़ को बताया कि जब भी आतंकी या पाकिस्तान हमला करे तो लाइट बंद कर दें। जहां भी रोशनी दिखाई देती है, वहां ही हमला किया जाता है। फिलहाल हम ब्लैक आउट का अभ्यास कर रहे हैं। इस दौरान एडीएम सिटी बृजेश सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट नवीन श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।
सीओ ने कार चालक को हड़काया सायरन बजने के बाद ब्लैक आउट हो गया था। कोतवाली थाने के सामने एक कार जिस पर विधानसभा का स्टीकर लगा हुआ था। भाजपा का झंडा लगाकर कार की लाइट बंद नहीं की और सत्ता की हनक दिखाई। इस पर सीओ कोतवाली आशुतोष कुमार ने हड़काया और कार सीज करने की चेतावनी दी। इसके बाद कार की हेड लाइट बंद की और कार को साइड में खड़ा करा दिया।
विज्ञापन
एसपी यातायात ने संभाली कमान ब्लैक आउट होने के बाद जब लाइट आई, तो सुभाष बाजार, लिसाड़ी गेट चौपला, बुढ़ाना गेट पर जाम की स्थिति बन गई। एसपी यातायात राघवेंद्र कुमार मिश्र अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और यातायात व्यवस्था ठीक कराई। शासन के आदेश पर ब्लैक आउट का अभ्यास किया गया। लोगों को जागरूक किया गया कि हमला होने के बाद किस तरह से सुरक्षित स्थान पर रहना है, कैसे-कैसे बचाव करना है। इसकी पूरी जानकारी दी गई।