मेरठ। मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में अब चिकित्सकों और स्टाफ की सुरक्षा के लिए सिक्योरिटी गार्ड रखे जाएंगे। साथ ही इमरजेंसी में तीमारदारों को प्रवेश के लिए प्रवेश कार्ड दिखाना होगा, जो उन्हें इमरजेंसी से मिलेगा। बुधवार को मरीज की मौत का बाद इमरजेंसी में हुए हंगामे के बाद कॉलेज प्रशासन ने यह फैसला लिया है।
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि जूनियर रेजिडेंट बृहस्पतिवार को उनसे मिले थे। उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था के लिए उनसे मांग की। साथ ही इमरजेंसी में प्रवेश के लिए प्रवेश कार्ड बनाए जाने के लिए कहा था। उनकी मांगें मान ली गई हैं। सिक्योरिटी के लिए छह सिक्योरिटी गार्ड के लिए जिला सैनिक कल्याण अधिकारी को लिखा गया है। कार्ड भी छपने के लिए चिकित्सा अधीक्षक को निर्देशित कर दिया गया है। हालांकि मेडिकल इमरजेंसी में पहले भी इस तरह की योजना बनी हैं, जो परवान नहीं चढ़ सकी है।
नीट दूसरा राउंड : मेडिकल में 108 के प्रपत्रों की हुई जांच
मेरठ। मेडिकल कॉलेज में नीट के तहत अभ्यर्थियों के प्रपत्रों के सत्यापन की प्रक्रिया के दूसरे राउंड में बृहस्पतिवार को 108 के प्रपत्रों की जांच हुई। प्राचार्य ने बताया की अब इसके बाद ऑनलाइन काउंसिलिंग होगी। मेरठ के अलावा गाजियाबाद, हरियाणा, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, गौतमबुद्धनगर, हापुड़ और बुलंदशहर आदि जिलों के विद्यार्थी आए।