Meerut News: ब्रह्मपुरी में मुस्कान रस्तोगी ने अपने प्रेमी साहिल शुक्ला के साथ मिलकर पति सौरभ की हत्या कर दी थी। उसके शरीर के टुकड़े कर नीले ड्रम में भर दिए थे। अब दोनों जेल में हैं और कोर्ट में ट्रायल चल रहा है।
ब्रह्मपुरी के बहुचर्चित नीले ड्रम वाले सौरभ हत्याकांड में शुक्रवार को अदालत में मुस्कान और साहिल शुक्ला को हिमाचल प्रदेश घुमाने लेकर जाने वाले कैब चालक अजब सिंह की गवाही पर बचाव पक्ष की अधिवक्ता रेखा जैन ने जिरह की। अजब सिंह ने कोर्ट में कहा कि दोनों रोजाना शराब पीते थे। कसोल में रेव पार्टी में दोनों ने शिरकत की और साहिल का जन्मदिन मनाया। उसने यह भी बताया कि सौरभ का फोन मुस्कान के पास था, जब भी उसकी बेटी पीहू का फोन आता था तो वह कहती थी कि पापा अभी मीटिंग में हैं।
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न्यायालय जिला जज अनुपम कुमार की अदालत में कैब चालक अजब सिंह के बयान पर जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी कृष्ण कुमार चौबे और मुस्कान-साहिल की अधिवक्ता रेखा जैन मौजूद रहे। रेखा जैन ने कैब चालक से कब गए थे, कहां गए थे, कौन से होटल में रुके थे। पुलिस को बयान कहां दर्ज कराए आदि सवाल किए।
इन सबके जवाब में अजब सिंह ने बताया कि विकास ट्रैवर्ल्स कंपनी के माध्यम से वह दोनों को 13 दिन के टूर पर शिमला, मनाली, कसोल लेकर गया था। चार मार्च 2025 को दिल्ली चुंगी से दोनों को स्विफ्ट डिजायर कार से पिकअप किया था।
मुस्कान ने कंपनी को नकद और ऑनलाइन समेत 53 हजार रुपये का भुगतान किया था। दोनों को 17 मार्च की शाम वापस लेकर आया था। ब्रह्मपुरी थाने पर आकर बयान दिए थे। इसके बाद पुलिस पार्टी से साथ उन होटलों में गया, जहां पर दोनों ठहरे थे। जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी कृष्ण कुमार चौबे ने बताया कि अब पहले विवेचक कर्मवीर सिंह के बयान होंगे। इसके लिए अदालत ने 26 नवंबर की तारीख लगाई है।
इन गवाहों के हो चुके हैं बयान
सौरभ हत्याकांड के मुकदमे का ट्रायल जिला जज संजीव पांडे के न्यायालय में चल रहा है। ट्रायल में पहले सभी 36 गवाहों की बयान दर्ज किए जाएंगे। कोर्ट में अभी तक मुकदमे के वादी मृतक सौरभ राजपूत के भाई बबलू, रिपोर्ट दर्ज करने वाले हेडमोहर्रिर बृजेश कुमार, सौरभ की मां रेणू, मृतक के दोस्त सौरभ कुमार, चाकू छुरी विक्रेता राकेश, नीला ड्रम विक्रेता सैफुद्दीन और बिल्डिंग मैटेरियल की दुकान करने वाले आशु, दवा लिखने वाले डॉ. अरविंद कुमार देशवाल, दवाई देने वाले उषा मेडिकल स्टोर संचालक अमित जोशी, नीले ड्रम को काटने वाले अशोक, पंचनामा भरने वाले दरोगा धर्मेंद्र गौड़, पोस्टमार्टम करने वाले डॉ दिनेश सिंह चौहान और कैब चालक अजब सिंह की गवाही हो चुकी है।
यह था हत्याकांड
लंदन के एक मॉल में काम करने वाला सौरभ राजपूत पूर्व में नेवी मर्चेट में काम करता था। लंदन से 24 फरवरी 2025 को मेरठ अपने घर ब्रह्मपुरी आए सौरभ ने 25 फरवरी को बेटी पीहू का जन्मदिन और 27 फरवरी को पत्नी मुस्कान रस्तोगी का जन्मदिन मनाया था। सौरभ की 3 मार्च की रात को उसकी पत्नी मुस्कान रस्तोगी ने अपने प्रेमी साहिल शुक्ला के साथ मिलकर सीने में चाकू घोंपकर और छुरी से गर्दन काटकर हत्या कर दी थी। इसके बाद दोनों ने शव के टुकड़े कर उसे प्लास्टिक के नीले ड्रम में सीमेंट के घोल से सील कर दिए थे। हत्याकांड को अंजाम देने के बाद पांच मार्च को दोनों घूमने के लिए हिमाचल प्रदेश के कसोल चले गए थे। 17 मार्च को दोनों मेरठ लौट कर आए थे। 18 मार्च को इस बहुचर्चित हत्याकांड का खुलासा हुआ था। 19 मार्च को ब्रह्मपुरी थाना पुलिस ने सौरभ के भाई बबलू की ओर से हत्या का मुकदमा दर्ज कर मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल शुक्ला को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया था, तभी से दोनों जेल में बंद हैं।