एक केस को लेकर दो वकीलों हर्ष चौधरी और जगदीश पावटी में कई दिनों से विवाद चल रहा था। शुक्रवार को भी दोनों के बीच कहासुनी और मारपीट हुई। आरोप है कि इसी दौरान जगदीश ने लाइसेंसी पिस्टल से गोली चला दी। गोली चलते ही कचहरी में भगदड़ मच गई। वकीलों में दहशत फैल गई।
पुलिस के मुताबिक, अधिवक्ता जगदीश पावटी पर केस दर्ज किया है। दोनों वकील एक साथ चेंबर में बैठते थे। नामजद आरोपी जगदीश का कहना है कि उसने कोई हमला नही किया। उसे साजिश के तहत फंसाया जा रहा है। उसने बताया कि शुक्रवार दोपहर करीब 12:30 बजे वह एक केस के संबंध में एसएसपी कार्यालय के पास गया था। वहां हर्ष चौधरी अपने कुछ साथियों के साथ मिला और गाली गलौज करने लगा। झगड़े से बचने के लिए उसने एसएसपी कार्यालय में घुसकर जान बचायी। हर्ष चौधरी के जाने के बाद वह अपने चेंबर जा रहा था, तभी पुरानी रजिस्ट्री ऑफिस के पास हर्ष चौधरी कुछ अधिवक्ता साथियों व अज्ञात व्यक्तियों के साथ मिला। उसे जान से मारने की धमकी देते हुए मारपीट की। इन लोगों ने सोने की चेन व दस हजार रुपये छीन लिये। हर्ष चौधरी ने तमंचे से गोली चलायी थी। जिसमें वह बाल-बाल बचा। गोली की आवाज सुनकर काफी संख्या में वकील नरेश प्रधान के चेंबर पर एकत्रित हो गये थे। उन्होंने उसकी जान बचायी। घटना की सूचना उसने एसएसपी व मुख्यमंत्री को भी भेजी है।
केंद्रीय समिति की बैठक दो नवंबर को
मेरठ। वकीलों पर लगातार हो रहे जानलेवा हमले और हत्याओं को लेकर हाईकोर्ट बेंच स्थापना केन्द्रीय संघर्ष समिति की आपातकालीन बैठक दो नवंबर को जिला बार एसोसिएशन मुजफ्फरनगर के पैंथम हॉल में सुबह 11 बजे होगी। इसमें वेस्ट यूपी के जिला न्यायालय व तहसील बार एसोसिएशन के पदाधिकारी भाग लेंगे। समिति के संयोजक नरेश दत्त शर्मा ने बताया कि बैठक में अधिवक्ता समाज की सुरक्षा के लिए विचार विमर्श कर आगामी रणनीति बनाई जाएगी।
अधिवक्ता से मारपीट में एसपी से शिकायत
मेरठ। मवाना तहसीलदार की कोर्ट में सुनवाई के दौरान अधिवक्ता देवेश राठी से मारपीट के मामले में मेरठ बार और जिला बार एसोसिएशन ने एसपी क्राइम से मुलाकात कर एफआईआर दर्ज कराने की मांग की है। जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रविंद्र कुमार व महामंत्री आनंद कश्यप ने बताया कि दो दिन पूर्व मवाना तहसीलदार की कोर्ट में देवेश राठी को वहां पर वकालत कर रहे अधिवक्ता पवन चौहान व दूसरे पक्ष के व्यवहारी ग्राम सकौती निवासी धर्मेंद्र पुत्र टीकाराम व कंवर पाल पुत्र श्याम सिंह ने पीटा था। थाना मवाना में सिर्फ एनसीआर दर्ज की गई। अधिवक्ताओं ने एसपी क्राइम से मामले में मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग की। एसपी क्राइम रामअर्ज ने उन्हें उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस दौरान गजेंद्र पाल सिंह, अजय त्यागी, अशोक शर्मा, जितेंद्र सिंह बना, अनिल जंगाला, पीके तोमर, गजेश मलिक, दीपक चाहल, आकाशवीर मिसबाहउद्दीन आदि अधिवक्ता मौजूद रहे।