छुटमलपुर के गांव दतौली मुगल मेंं बनाया जा रहा आरआरसी सेंटर। संवाद
सहारनपुर, छुटमलपुर। गांव दतौली मुगल में एकीकृत ठोस प्रबंधन केंद्र (आरआरसी) की चहारदीवारी बिना नींव भरे जमीन के ऊपर ही बना दी गई। मानकों की अनदेखी और घटिया निर्माण सामग्री के इस्तेमाल पर पंचायती राज विभाग के सलाहकार अभियंता ने स्थलीय निरीक्षण के बाद काम बंद कराते हुए अधबने निर्माण को ध्वस्त कर फिर से निर्माण कराने का नोटिस संबंधित ठेकेदार को जारी किया है।
स्वच्छ भारत मिशन के तहत मुजफ्फराबाद ब्लाॅक के गांव दतौली मुगल में सुंदलहेड़ी मार्ग पर गांव को कूड़ा कचरा मुक्त करने के लिए 14 लाख 50 हजार रुपये की लागत से एकीकृत ठोस प्रबंधन केंद्र (आरआरसी) का निर्माण किया जा रहा है। आरोप है कि केंद्र निर्माण के दौरान नींव बिना खोदे ही जमीन के ऊपर से चहारदीवारी बना दी गई। ईंटें भी घटिया किस्म की लगाई जा रहीं हैं। पास से गुजरने वाली नागादेव नदी के बालू को रेत के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। तीन दिन पूर्व पंचायती राज विभाग की सलाहकार अभियंता साक्षी ने मौके पर पहुंच निर्माण कार्य की जांच की तो उक्त खामियां पाई गईं।
साक्षी ने बताया कि जांच में निर्माण सामग्री घटिया किस्म की पाई गई है। नदी का बालू इस्तेमाल किया जा रहा है। ठेकेदार द्वारा मानकों की भी अनदेखी की जा रही है। ऐसे में ठेकेदार को तत्काल निर्माण कार्य बंद कर अब तक किए हुए निर्माण को ध्वस्त करा नींव खुदवा कर फिर से गुणवत्ता युक्त सामग्री के साथ कार्य कराने के लिए निर्देशित किया गया है।