मास्टरमाइंड जर्मन और उसका साथी करमा अभी पुलिस गिरफ्त से बाहर हैं। इन दोनों का सीधा कनेक्शन खालिस्तान के आतंकियों से जुड़ा बताया जा रहा है, जिसके प्रमाण फेसबुक से पुलिस ने जुटाए हैं। अब पुलिस का टारगेट जर्मन और करमा को गिरफ्तार करना है।
इन दोनों की गिरफ्तारी से शामली जनपद के साथ ही पश्चिमी उत्तर प्रदेश में खालिस्तान आतंकियों के कनेक्शन खंगाले जा सकेंगे। इनके फेसबुक एकाउंट पर पंजाब के खालिस्तान समर्थक संगठनों से जुड़े लोगों से दोस्ती है। तमाम ऐसे फोटो अपलोड हैं, जिन्हें देखकर सहज ही इनके खतरनाक इरादों का पता चल जाता है। कई फोटो में एसएलआर और एके 47 हाथ में लिए युवक खड़े हैं। करमा और जर्मन का फेसबुक को पंजाबी भाषा में ऑपरेट किया जा रहा है। इसके लिए पुलिस ने पंजाबी भाषा को हिन्दी में अनुवाद कराया है। पुलिस को यह भी पता चला है कि गिरोह के सरगना जर्मन ने काफी हथियार इकट्ठा किए हैं, जो पंजाब के रोपड़ जिले के एक गांव में छिपाकर रखे गए हैं। आशंका है कि उन हथियारों से किसी बड़ी वारदात को अंजाम दिया जा सकता है।
पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार का कहना है कि जर्मन और करमा को गिरफ्तार करने के लिए टीम लगी हैं। पुख्ता सूचना पर इनकी घेराबंदी के प्रयास चल रहे हैं।
खुफिया विभाग भी खंगाल रहा जड़ें
रायफल लूट प्रकरण का खुलासा होने पर खालिस्तान के आतंकियों का कनेक्शन उजागरग होने पर खुफिया विभाग भी सक्रिय हो गया है। सोमवार को स्थानीय खुफिया विभाग के अलावा आईबी की टीम भी शामली पहुंच गई। पुलिस अधिकारियों से जानकारी लेने के साथ ही गिरफ्तार किए गए ग्रंथी करम सिंह, गुरुजेन्ट सिंह उर्फ जिन्टा तथा अमरीत उर्फ अमृत से भी पूछताछ कर जानकारी जुटाई गई।
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/