मेरठ में एक रिटायर अधिकारी ने अपनी पेंशन के दो लाख रुपये झुग्गी झोपड़ी में रहने वाले गरीब लोगों को बांट दिए। कई लोगों ने उक्त रिटायर अधिकारी से बात करने का प्रयास किया, लेकिन उन्होंने साफ कहा कि वह लॉकडाउन में गरीब लोगों की मदद के लिए आए हैं। वह कौन और कहां से आए कुछ नहीं बताएंगे।
कोरोना जैसी महामारी से गरीब लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं कुछ दानवीर उनकी मदद के लिए आगे भी आ रहे हैं। मंगलवार सुबह 11 बजे एक रिटायर अधिकारी चौधरी चरण सिंह यूनिवर्सिटी के बाहर झुग्गी झोपड़ी में रहने वाले गरीब लोगों के पास पहुंचे। उनके हाथ में एक बैग था। उक्त व्यक्ति ने गरीब लोगों को एक-एक करके पैसा बांटना शुरू किया।
पैसा बंटते ही लोगों की वहां पर भीड़ लगनी शुरू हो गई। मीडिया कर्मी भी वहां कवरेज के लिए पहुंचे। कई लोगों ने पैसे बांटने वाले व्यक्ति से पूछा कि आखिर वह कौन हैं और पैसा क्यों बांट रहे हैं।
उक्त व्यक्ति ने कहा कि यह पैसा उसकी पेंशन का है और वह इस आपातकाल में गरीब लोगों की मदद के लिए आए हैं। उक्त व्यक्ति ने कहा कि वह एक विभाग से अधिकारी पद से रिटायर हुए हैं। लोगों का मानना है कि उक्त व्यक्ति ने करीब दो लाख रुपये गरीब लोगों में बांटे।