पिछले कई दिनों से लगातार हो रही बारिश अब आफत बन गई है। मेरठ में जहां किसानों की फसलें भारी बारिश के कारण खेतों में ही बिछ गई हैं। वहीं आज सुबह शहर में दो जगह भीषण हादसे हुए। यहां दो स्थानों पर बारिश में मकानों की छत धराशायी हो गई। गनीमत नहीं कि जनहानि नहीं हुई। हालांकि कई लोग हादसों में घायल हो गए।
पहला हादसा दाैराला में हुआ। यहां मकान का लिंटर भरभराकर गिर गया। हादसे में परिवार के लोग घायल हो गए। धमाके की आवाज सुनकर लोग माैके पर पहुंचे और घायलों को अस्पताल पहुंचाया।
दौराला स्थित डेयरी कॉलोनी में बुधवार देर रात एक मजदूर का लिंटर का मकान गिर गया। लिंटर के नीचे सोया दंपती प्रमोद, सुनीता और 12 वर्षीय बच्चा अजीत मलबे में दबने से घायल हो गए। तेज आवाज सुनकर पड़ोस में रहने वाले भाई मनोज का साला मोनू और पड़ोसी मौके पर दौड़े।
लोगों ने घंटो की मशक्कत के बाद तीनों को मलबे से बाहर निकाला। हादसे में तीनों घायल हो गए और तीनों को सीएचसी दौराला में भर्ती कराया गया। महिला सुनीता के सिर में चोट लगने के कारण लगभग 15 टांके आए हैं।
प्रमोद मजदूरी कर अपने परिवार का भरण पोषण करता है। प्रमोद ने बताया कि लिंटर गिरने के दौरान उसके दो बच्चे अंदर वाले कमरे में सोए हुए थे, जबकि एक बेटा बाहर गया हुआ था।
मौके पर पहुंचे भाकियू अराजनैतिक के जिलाध्यक्ष नवाब सिंह अहलावत ने मिल का पानी आने के कारण मकान गिरने का आरोप लगाया। बताया कि पीड़ित के मकान की दीवार के बराबर में गन्ने का खेत है और यहां मिल का पानी भी छोड़ा जाता है।
दूसरा हादसा लोहियानगर के जाहिदपुर में हुआ, जहां मकान की छत भरभराकर गिर पड़ी। हादसे में परिवार के सदस्य घायल हो गए हैं। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।