- 15 दिन में समाधान न होने पर आंदोलन की दी चेतावनी
संवाद न्यूज एजेंसी
रोहटा। क्षेत्र में बिजली आपूर्ति संबंधी समस्याओं को लेकर बृहस्पतिवार को मानवाधिकार एवं न्याय सुरक्षा प्रहरी के बैनर तले कार्यकर्ताओं ने पूठखास बिजलीघर पर धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने विद्युत निगम के खिलाफ नारेबाजी करते हुए किसानों और उपभोक्ताओं की समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की। पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम के प्रबंध निदेशक के नाम संबोधित ज्ञापन अवर अभियंता को सौंपा।
संगठन के पश्चिम उत्तर प्रदेश अध्यक्ष ओमकार शर्मा ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में लंबे समय से बिजली व्यवस्था बदहाल बनी हुई है। जर्जर विद्युत लाइनें, कम क्षमता के ट्रांसफार्मर और अनियमित बिजली आपूर्ति के कारण किसानों की सिंचाई प्रभावित हो रही है। बार-बार होने वाली कटौती और फॉल्ट से आम उपभोक्ताओं को भी परेशानी झेलनी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं हो सका है।
ज्ञापन में गांव अरनावली में 100 केवीए क्षमता का नया ट्रांसफार्मर लगाने, गांव आजमपुर के सामने स्थित ट्यूबवेल की जर्जर विद्युत लाइन बदलने, किसानों के ट्यूबवेलों को प्रतिदिन 10 घंटे निर्बाध बिजली उपलब्ध कराने और स्थानीय रोस्टिंग के कारण बाधित आपूर्ति की भरपाई करने की मांग की। चेतावनी दी कि यदि 15 दिनों के भीतर मांगों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन चरणबद्ध आंदोलन शुरू करेगा। इस दौरान अरुण शर्मा, संजय गर्ग, रिछपाल सिंह, संतराम, सुनील, विनोद, राहत राव, सुनील शर्मा, विनोद शर्मा, विनोद कुमार, संयोगिता शर्मा, नीलम शर्मा, प्रदीप शर्मा मौजूद रहे।