मेरठ। आईसीएसई की बोर्ड परीक्षाओं में अब छात्रों को पेपर लिखने के साथ प्रोजेक्ट वर्क पर भी मेहनत करनी होगी। अब 100 में से 20 अंक प्रोजेक्ट वर्क पर मिलेंगे। खास बात यह है कि ये 20 अंक उसी शहर के दूसरे स्कूल के शिक्षक द्वारा मूल्यांकन करने पर दिए जाएंगे।
काउंसिल ऑफ द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन ने परीक्षा पैटर्न में बदलाव किया है। यह पेपर पहले 100 अंकों के थे, लेकिन अब इनमें प्रोजेक्ट वर्क भी मान्य कर दिया गया है। परिषद ने इंग्लिश लैंग्वेज गणित और हिंदी समेत 12 विषयों में प्रोजेक्ट वर्क लागू किया है। इसके तहत 100 अंकों के पेपर को अब दो भागों में बांटा जाएगा। पहले भाग में 80 अंकों की लिखित परीक्षा होगी और दूसरे भाग में प्रोजेक्ट वर्क होगा। इससे पहले परिषद 18 विषयों में इसे लागू कर चुका है।
इन 12 विषयों में लागू हुआ प्रोजेक्ट वर्क
काउंसिल ने अंग्रेजी साहित्य, अंग्रेजी भाषा, भारतीय भाषा, आधुनिक विदेशी भाषा, क्लासिकल लेंग्वेज जैसे अरेबिक, संस्कृत, पर्शियन, इलेक्टिव इंग्लिश, गणित, इलेक्ट्रिसिटी एंड इलेक्ट्रॉनिक्स, इंजीनियरिंग साइंस, जियोमेट्रिकल एंड मैकेनिकल ड्रॉइंग, जियोमेट्रिकल एंड बिल्डिंग ड्रॉइंग और हिंदी विषयों में प्रोजेक्ट वर्क लागू कर दिया गया है।