क्लीनिक पर मिले कोरोना के संदिग्ध मरीजों के पर्चे
हस्तिनापुर। सीएचसी प्रभारी ने थाना पुलिस की मदद से निजी चिकित्सकों के यहां आने वाले कोरोना के संदिग्ध मरीजों का रिकार्ड देखा। टीम ने तीन चिकित्सकों के क्लीनिक पर मरीजों की दवाई पर्ची भी देखी। एक क्लीनिक पर कोरोना के संदिग्ध मरीज के पर्चे मिले। इसके बाद दो निजी चिकित्सकों को कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी गई।
सीएचसी प्रभारी डॉ. अंकुर त्यागी ने बताया कि मुख्य चिकित्सा अधिकारी द्वारा निर्देश प्राप्त हुए हैं कि कोरोना संदिग्ध लोगों की पहचान करने के लिए निजी चिकित्सकों की मदद ली जाए। सूचना मिली थी कि कस्बे के निजी चिकित्सकों के यहां आने वाले कोरोना संदिग्ध मरीजों को अवैध रूप से दवाई दी जा रही है। उनकी कोरोना की जांच नहीं कराई जा रही है। सीएचसी की टीम, एसआई वीरेंद्र सिंह, सिपाही मनुरामपाल को साथ लेकर कस्बे के उर्मिला त्यागी नर्सिंग होम पहुंची। यहां मरीजों से संबंधित रजिस्टर की जांच की। डॉक्टर को सीएचसी के ग्रुप से जुड़ने और सभी सूचना सीएचसी प्रभारी को देने की बात कही। इसके बाद कस्बा स्थित खुशबू केयर चाइल्ड होम पर टीम पहुंची। मुख्य चिकित्सक क्लीनिक पर मौजूद नहीं मिला। यहां कोरोना संदिग्ध मरीजों को दी गई दवाई की पर्चियां प्राप्त हुई। टीम ने नाम नोट किए और चेतावनी देकर कस्बे के दूसरे महिला क्लीनिक पर पहुंची। जहां गर्भवती की जांच की जा रही थी। टीम ने उक्त महिला से जानकारी की तो उसने बताया कि महिला डॉक्टर बाहर गई हुई हैं। सीएचसी प्रभारी डॉ. अंकुर त्यागी ने महिला से करोना संबंधित रिपोर्ट दिखाने के लिए कहा तो वह रिपोर्ट उपलब्ध नहीं करा सकी। डॉ. अंकुर ने मरीजों की सैंपलिंग कराने के साथ सभी का रिकॉर्ड रजिस्टर में दर्ज करने को कहा। इसके बाद टीम लौट गई। डॉ. अंकुर त्यागी ने बताया कि दो क्लीनिक संचालकों के खिलाफ कोरोना के संबंध में अनियमितता बरतने पर एफआईआर कराई जाएगी। मामले की जानकारी उच्च अधिकारियों को भेज दी गई है।