कांवड़ यात्रा के दौरान गैस की किल्लत के लिए हो जाएं तैयार
मेरठ। कांवड़ यात्रा के दौरान गैस की किल्लत के तैयार रहिए। ऐसा इसलिए कहां जा रहा है क्योंकि मेरठ- गाजियाबाद के बीच दिल्ली रोड से आने वाले ट्रैफिक के रूट डायवर्जन के कारण लोनी गैस प्लांट से गैस सिलिंडरों की आपूर्ति नहीं हो पाएगी। सभी गैस एजेंसियों के गोदामों में मात्र दो तीन दिन के लिए ही सिलिंडरों का स्टॉक है। शहर में इंडेन, भारत, एचपी की गैस एजेंसियों पर प्रतिदिन 15 हजार गैस सिलेंडरों की आपूर्ति होती है। हालांकि उपभोक्ताओं को परेशानी न हो इसके लिए गैस कंपनियों ने करनाल से मेरठ को गैस आपूर्ति करने का लिया निर्णय लिया है।
24 से 48 घंटे के बीच उपलब्ध हो रही है गैस,
गैस वितरकों के मुताबिक फिलहाल गैस सिलेंडर आपूर्ति में कोई बैकलॉग नहीं है। बुकिंग के बाद 24 से 48 घंटे में सिलिंडर आपूर्ति की जा रही है। गैस वितरकों का प्रयास है कि आपूर्ति प्रभावित होने से पहले अधिकतर उपभोक्ताओं तक सिलिंडर पहुंच जाए। रविवार को गैस प्लांट बंद होने के कारण सोमवार को गाड़ी पहुंचते पहुंचते शाम हो गई। जिसके कारण कई गैस एजेंसियों पर दिक्कतें आई।
नानू नहर और बाईपास चौराहा से कैसे पार होंगी गाड़ी
मेरठ-दिल्ली के बीच भारी वाहनों पर प्रतिबंध लगने के कारण गैस कंपनियों ने मेरठ को करनाल से गैस आपूर्ति करने का निर्णय लिया है, लेकिन शहर में आने के लिए सिलिंडरों की गाड़ी को नानू नहर के साथ ही बाईपास चौराहा व कई स्थानों पर कांवड़ियों की भीड़ से गुजरना पड़ेगा। ऐसे में गैस कंपनियों का यह प्रयास काफी मुश्किल नजर आ रहा है।
25 के बाद बढ़ेगी किल्लत
25 के बाद गैस की किल्लत बढ़ेगी। क्योंकि एक गैस एजेंसी के गोदाम में जमा गैस सिलिंडरों से तीन दिन तक उपभोक्ताओं को आपूर्ति की जा सकती है। समस्या से बचाने के लिए जिला प्रशासन को पूर्व वर्षों की भांति व्यवस्था करनी चाहिए। पुलिस की निगरानी में प्लांट से गैस की गाड़ियों को शहर तक पहुंचाया जाना चाहिए। ताकि गैस की किल्लत न हो। - अजीत टंडन, उपाध्यक्ष, उप्र गैस वितरक एसो.,
जनपद भर में गैस एजेंसियों का लेखाजोखा
कंपनी गैस एजेंसी
इंडेन 25
भारत 12
एचपी 05
- एक एजेंसी पर प्रतिदिन होती है 350 सिलेंडर की खपत
- जनपद की गैस एजेंसियों से प्रतिदिन 15 हजार गैस सिलेंडर होते हैं सप्लाई
- प्रत्येक गैस एजेंसी के पास दो-तीन दिन का ही रहता है स्टॉक