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पुलिस की अधूरी प्लानिंग बिगाड़ सकती है चुनाव का माहौल!

Wed, 25 Jan 2017 11:40 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ
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फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
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विधानसभा चुनाव को प्रभावित करने के लिए छोटी-छोटी घटनाओं को लेकर तूल देने की कोशिश चल रही हैं। ऐसे में मेरठ पुलिस की आधी अधूरी तैयारियां माहौल खराब करा सकती हैं। खुफिया विभाग के इस इनपुट ने लखनऊ तक हड़कंप मचा दिया है। चुनाव फतह करने के लिए सांप्रदायिक तूल देने की कोशिश चल रही हैं और उससे निपटने के लिए मेरठ पुलिस की अधूरी प्लानिंग है।
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विधानसभा चुनाव में सभी पार्टियों के प्रत्याशी नामांकन कर चुके हैं। प्रत्याशी जहां गुणा-भाग में लगे हैं। वहीं, कुछ प्रत्याशियों के समर्थक चुनावी माहौल को गर्माने की फिराक में लगे हैं। मवाना में मामूली बात को लेकर दो समुदाय के लोग आमने-सामने आ गए थे। दोनों में मारपीट, पथराव व आगजनी तक का प्रयास हो गया। मामला तूल पकड़ता। लेकिन गनीमत रही कि स्थानीय लोगों ने स्थिति संभाल ली।

सवाल पुलिस की कार्यशैली पर उठ रहे हैं क्योंकि चुनाव माहौल में अफसर चप्पे चप्पे पर पुलिस तैनात होने का दावा कर रही रहे हैं। जबकि मवाना में हुए बवाल से निपटने में पुलिस हांफ गई। खुफिया विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक मेरठ पुलिस ने चुनाव को देखते अभी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं किए हैं। पुलिस अधिकारियों का दावा कि पिछले विस चुनाव को देखकर ही इस बार चुनाव की तैयारी की गई है। मुचलका पाबंद कार्यवाही के साथ संदिग्ध लोगों की निगरानी का काम चल रहा है। लेकिन इस बार चुनाव में माहौल गर्मा सकता है। कुछ शरारती तत्व चुनाव में उन्माद फैलाने की जुगत में लगे हैं।
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कुख्यात मांग रहे रंगदारी
कुख्यात लगातार कचहरी में पेशी पर आकर पंचायत कर रहे हैं। इसको लेकर कई बार पुलिस ने खुद कचहरी में चेकिंग अभियान चलाया। चुनाव सिर पर है और पुलिस ने अभी तक कुख्यातों पर कोई शिकंजा नहीं कसा है। चार दिन पहले कुख्यात ऊधमसिंह का शूटर लखनऊ में पकड़ा गया, जिसने ऊधम के नाम से मेरठ में चार लोगों से रंगदारी वसूलने की बात कही। दो दिन पहले कंकरखेड़ा में कुख्यात योगेश भदौड़ा के नाम से व्यापारी से रंगदारी मांगी गई।

गांव में भी नहीं संपर्क
शहर से गांव तक चुनावी माहौल बना हुआ है। पुलिस ने ग्रामीणों से चुनाव को लेकर अभी तक कोई संपर्क नहीं साधा। जबकि पुलिस चुनाव से पहले गांव के कुछ गण्यमान्य लोगों को बुलाकर मीटिंग करती है और शांतिपूर्वक चुनाव कराने की अपील करती थी। लेकिन इस बार पुलिस ने ऐसा कुछ करना मुनासिब नहीं समझा। इसे लेकर भी लोगों में गुस्सा है।
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