पीएनजी शवदाह गृह का आज होगा स्थलीय निरीक्षण
मेरठ। सूरजकुंड श्मशान में पीएनजी शवदाह गृह लगाने को लेकर आर्य समाज की पहल के बाद अब विधायक निधि से प्लांट लगाने का प्रस्ताव भी दिया गया है। इसमें एमएलसी अश्वनी त्यागी सहित विधायक सत्यप्रकाश अग्रवाल ने भी नगर आयुक्त से संपर्क किया। आर्य समाज को पीएनजी प्लांट लगाने की अनुमति मिल गई है। मंगलवार को फरीदाबाद कंपनी के अधिकारी, पीएनजी के अधिकारियों के साथ नगर आयुक्त स्थलीय निरीक्षण करेंगे।
सूरजकुंड श्मशान में एक जून तक पीएनजी शवदाह गृह शुरू हो जाएगा। पीएनजी प्लांट लगाने के लिए गंगा मोटर कमेटी के साथ आर्य समाज बुढ़ाना गेट कार्य कर रहा है। आर्य समाज के अध्यक्ष अशोक सुधाकर ने बताया कि सूरजकुंड पर प्लेटफार्म की कमी के कारण सही ढंग से अंतिम संस्कार नहीं हो पा रहा है। ऐसे में आर्य समाज ने आगे आकर कमेटी और नगर आयुक्त से संपर्क किया।
उन्होंने बताया कि नगर निगम ने आर्य समाज को सूरजकुंड श्मशान में पीएनजी प्लांट लगाने की अनुमति दे दी है। मंगलवार को स्थलीय निरीक्षण किया जाएगा। इसमें नगर आयुक्त के साथ फरीदाबाद की कंपनी जो प्लांट लगाएगी उसके अधिकारी, पीएनजी के अधिकारी, आर्य समाज बुढ़ाना गेट के पदाधिकारी और गंगा मोटर कमेटी के पदाधिकारी मौजूद रहेंगे। सूरजकुंड श्मशान में पूर्व में इलेक्ट्रिक शव दाह गृह संचालित था।
गंगा मोटर कमेटी के कोषाध्यक्ष अनिल मित्तल ने बताया कि उसी स्थान पर अब नई तकनीक से युक्त पीएनजी शव दाह गृह लगाया जाएगा। इस शव दाह गृह में 45 मिनट में शव का अंतिम संस्कार के साथ फूल बाहर आ जाएंगे। आर्य समाज थापरनगर के प्रधान राजेश सेठी ने बताया कि नई तकनीक के शवदाह गृह से एक दिन में लगभग 20 शवों का अंतिम संस्कार होगा। इससे एक दिन में 80 क्विंटल लकड़ी की बचत होगी।