संवाद न्यूज एजेंसी
बहसूमा। क्षेत्र के अस्सा-कोल मार्ग पर स्थित आम के बाग में सोमवार रात तेंदुआ दिखने से ग्रामीणों में दहशत फैल गई है। गांव निवासी मनोज कुमार के बाग में तेंदुए के पंजों के ताजा निशान भी मिले हैं। घटना के बाद से आसपास के किसानों और ग्रामीणों में भय का माहौल है।
सोमवार देर रात करीब 10 बजे मनोज कुमार के बागवान तालिब बाग में पानी देने गए थे। टॉर्च की रोशनी में उन्होंने आम के पेड़ों के बीच तेंदुए जैसा जानवर देखा। शोर मचाने पर तेंदुआ गन्ने के खेत की तरफ भाग गया। मंगलवार की सुबह बाग में गीली मिट्टी में तेंदुए के पंजों के निशान मिले। इससे ग्रामीणों में दहशत फैल गई। परिजन बच्चों को घर से नहीं निकलने दे रहे हैं।
किसान प्रमोद कुमार, सतीश ने बताया कि आसपास गन्ने और आम के बाग ज्यादा हैं। तेंदुआ कहीं भी छिप सकता है। ग्रामीण शाम होते ही घर में दुबक गए हैं। मनोज कुमार ने कहा रात में बाग की रखवाली करना मुश्किल हो गया है। किसान दिनेश कुमार, हरपाल व ग्रामीणों ने वन विभाग से पिंजरा लगाने की मांग की है।
वन रेंजर खुशबू उपाध्याय का कहना है कि तेंदुए का होना कोई बड़ी बात नहीं है। यह क्षेत्र सेंक्चुअरि क्षेत्र से सटा हुआ है। देखने पर पंजे के निशान तेंदुए के बच्चे के ही लग रहे हैं। आसपास के इलाके में गश्त बढ़ा दी गई है। ग्रामीणों को रात में अकेले खेत पर न जाने की सलाह दी गई है।
बहसूमा। अस्सा कोल मार्ग पर स्थित मनोज के आम के बाद में तेंदुए के पंजे के निशान