आरोपी ने पिस्टल दिखाकर छात्र से लगवाई थीं दंड बैठक, फायरिंग में भी आया नाम
पीड़ित बोला- थाने के दस चक्कर लगाने के बावजूद शिकायत पर दर्ज नहीं की प्राथमिकी
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। मेडिकल थाना प्रभारी सतवीर सिंह अत्री को हटाकर उनके स्थान पर निरीक्षक हरिओम को जिम्मेदारी दी गई है। 31 अगस्त को चाणक्यपुरी में बीकॉम द्वितीय वर्ष के छात्र आशीष मलिक को हेड कांस्टेबल के बेटे निखिल ठाकुर व उसके साथियों ने पीटा और दंड-बैठक लगवाई थीं। पीड़ित के थाने के दस चक्कर लगाने के बावजूद इस मामले में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की। इसके अलावा भी अन्य अपराध की घटनाएं बढ़ने पर एसएसपी बीबीजीटीएस मूर्ति ने थाना प्रभारी को हटा दिया है।
मेडिकल थाना क्षेत्र के अजंता कॉलोनी निवासी आशीष मलिक ने बताया कि वह 31 अगस्त की सुबह घर से स्कूटी पर जा रहे थे। आरोप है कि निखिल ठाकुर व उसके साथियों ने छात्र को चाणक्यपुरी में रोक लिया। आरोपियों ने कहा कि वह कहां जा रहा है तो छात्र ने कहा कि वह मॉर्निंग वॉक के लिए जा रहा है। आरोपियों ने कहा कि आज के बाद यहां मत दिखना। छात्र के विरोध करने पर आरोपियों ने उसे पीटा और पिस्टल दिखाकर दंड-बैठक लगवाईं। इसके बाद छात्र ने चौकी और थाने पर चक्कर लगाए। थाना प्रभारी को शिकायत देकर रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की। एक दिन छात्र ने निखिल की हापुड़ में तैनात हेड कांस्टेबल मां को भी थाने में देखा लेकिन रिपोर्ट दर्ज नहीं की गईं। सीओ सिविल लाइन विश्व ज्योति राय का कहना है कि छात्र की शिकायत पर रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
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29 अगस्त को आरोपियों ने कुटी चौराहे पर की फायरिंग
आशीष को पीटने वाले आरोपियों ने 29 अगस्त को कुटी चौराहे पर फायरिंग की थी। इस मामले में शास्त्रीनगर डी-ब्लॉक चौकी प्रभारी विनीत कुमार शर्मा ने नौचंदी थाने प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उनका कहना था कि दो पक्षों में विवाद हुआ और फायरिंग की गई। इस मामले में पुलिस ने एक सितंबर को नौचंदी पुलिस और स्वाट टीम ने तीन आरोपी दिव्य, साहिल व नागेंद्र सिंह राघव उर्फ हनी को गिरफ्तार कर लिया था। इस मामले की जांच में निखिल ठाकुर का भी नाम सामने आया था।
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मोहित के दावे को पुलिस ने नकारा
मेरठ। मेडिकल थाना प्रभारी को हटाने के बाद किसान नेता दिग्विजय भाटी के साथी मोहित कुमार ने बयान जारी किया कि उनके और पिटाई प्रकरण के गवाह फैसल के खिलाफ राहुल ठाकुर की शिकायत पर झूठी प्राथमिकी दर्ज की गई। इसके चलते मेडिकल थाना प्रभारी पर कार्रवाई की गई है। इस संबंध में एसएसपी बीबीजीटीएस मूर्ति का कहना है कि मोहित का दावा गलत है। मेडिकल थाना क्षेत्र में अपराध बढ़ने और लापरवाही बरतने पर थाना प्रभारी को हटाया गया है।