यूपी में मुजफ्फरनगर के स्थानीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर 1500 रुपये नहीं मिलने पर नवजात बच्ची को प्रसूता से छीन लेने का मामला सामने आया है। आरोप है कि रुपये लेने के बाद ही उसने बच्ची को परिजनों को सौंपा। सीएमओ ने इस मामले की जांच एसीएमओ को सौंपी है।
मोरना में कस्बा भोकरहेड़ी निवासी पुष्पा पत्नी शिवकुमार को प्रसव पीड़ा के चलते गुरुवार देर रात मोरना प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर भर्ती कराया गया। शुक्रवार सुबह पुष्पा ने एक बेटी को जन्म दिया। पुष्पा के परिजनों का आरोप है कि प्रसव के उपरांत अस्पताल में तैनात एएनएम ने डिलीवरी कराने के लिए 1500 रुपये मांगे, महिला के पति शिवकुमार ने गरीबी का वास्ता देते हुए रुपये देने में असमर्थता जताई तो एएनएम ने पहले केस बिगाड़ देने की चेतावनी दी, फिर बच्ची को अपने पास रख लिया।
शिवकुमार ने बताया कि ब्याज पर रुपये लाकर उसने एएनएम को दिए, तब जाकर उन्हें नवजात बच्ची सौंपी गई। मोरना प्रभारी चिकित्सक अर्जुन सिंह ने बताया कि एएनएम के व्यवहार का मामला संज्ञान में आया है। उच्चाधिकारियों को इस संबंध में अवगत कराया गया है। जांच के उपरांत एएनएम पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
मोरना सीएचसी में एएनएम के प्रसूता से पैसे मांगने का मामला उनके संज्ञान में आया है। यह गंभीर मामला है, जिसकी जांच एसीएमओ को सौंपी गई है। सोमवार तक उन्हें रिपोर्ट देने के लिए कहा है। दोषी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी
-डॉक्टर पीएस मिश्रा, सीएमओ, मुजफ्फरनगर
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/