कांवड़ यात्रा के दौरान पहले ही नॉनवेज खाने वाले होटल बंद कर दिए जाते हैं। ढाबा संचालकों को बोर्ड पर नाम लिखने के आदेश के बाद शाकाहारी भोजन वाले मुस्लिम होटल संचालक भी ढाबा बंद करने की तैयारी कर रहे हैं। इसके साथ ही नए फ्लेक्स बनवाने के आर्डर दे दिए हैं। हालांकि कुछ का कहना है कि मुस्लिम समाज के लोग इस आदेश के बाद सेवा कार्य से भी पीछे हट जाएंगे।
एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह ने सभी थाना प्रभारियों को आदेश दे दिए हैं कि वह अपने क्षेत्रों में ढाबा संचालकों को निर्देश दें कि वह अपने होटल के बोर्ड के साथ अपना नाम भी लिखें। इधर, बागपत में कांवड़ मार्गों पर दुकानदारों को दो दिन में नाम लिखने होंगे। इसके लिए पुलिस ने उनको निर्देश दिए हैं। वहीं दुकानदारों को इस पर कोई आपत्ति नहीं है और वह कहते हैं कि इससे आपसी भाईचारे पर कोई असर नहीं पड़ने वाला है। इसको लेकर राजनीतिक दलों में जरूर खींचतान है। जहां भाजपा ने फैसले को सही बताया तो रालोद, सपा, कांग्रेस, आप ने इस पर विरोध जताया।
शासन के आदेश के बाद कांवड़िये के आने वाले सभी मार्गों पर दुकानदारों को दो दिन में नाम व सामान के दाम लिखने के निर्देश दिए हैं। एसपी अर्पित विजयवर्गीय के अनुसार शासन के निर्देशों का पालन किया जाएगा।
नाम लगाने में गलत नहीं : मांझी
कांवड़ यात्रा मार्ग पर खाने-पीने की दुकानों में दुकानदार की पहचान दर्शाने के निर्देश पर केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी का कहना है कि इसमें कुछ भी गलत नहीं है। अगर व्यवसाय में शामिल लोगों से नाम-पता प्रमुखता से प्रदर्शित करने को कहा जाता है तो इसमें नुकसान क्या है? इसे धर्म के चश्मे से देखना गलत है।
महबूबा मुफ्ती बोलीं-संविधान को कुचल रही भाजपा
पूर्व मुख्यमंत्री और पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार का आदेश संविधान के खिलाफ है, जो सभी को समान अधिकारों की गारंटी देता है। भाजपा सरकार संविधान को कुचल रही है।
मुसलमानों के लिए नफरत : ओवैसी
असदुद्दीन ओवैसी ने सोशल मीडिया पर लिखा कि यह भारत में मुसलमानों के प्रति नफरत को दर्शाता है। उन्होंने लिखा, यह नफरत राजनीतिक दलों या हिंदुत्ववादी नेताओं और उन दलों के कारण है जो धर्मनिरपेक्षता का दम भरते हैं।