मेरठ में छठी वाहिनी पीएसी में जेल वार्डर, फायरमैन और आरक्षी घुड़सवार के पदों पर सीधी भर्ती के लिए शारीरिक दक्षता की परीक्षा चल रही है। परीक्षा के दौरान दूसरे अभ्यर्थी की जगह परीक्षा देने पहुंचे तीन मुन्नाभाई पकड़े गए। तीनों के खिलाफ पल्लवपुरम थाने पर केस दर्ज कराया गया है।
शिविरपाल दीनदयाल दीक्षित ने बताया कि मंगलवार को हापुड़ निवासी निखिल और बुधवार को रनछाड़ थाना बिनौली बागपत निवासी अक्षय और विकास का फेस और फिंगर प्रिंट मैच न होने पर उन्हें पकड़ा गया। पल्लवपुरम पुलिस तीनों मुन्नाभाई को अपने साथ थाने ले आई। पूछताछ में उन्होंने बताया कि वे दूसरे की जगह परीक्षा देने आए थे।
430 अभ्यर्थी हुए सफल
भर्ती प्रक्रिया में बुधवार को 430 अभ्यर्थी सफल रहे जबकि 142 अभ्यर्थी असफल रहे। वर्ष-2016 में उत्तर प्रदेश घुड़सवार पुलिस, फायर ब्रिगेड और कारागार पुलिस के लिए आरक्षी भर्ती के आवेदन विभाग ने मांगे थे। उसके बाद अभ्यर्थियों की लिखित परीक्षा, दस्तावेजों का सत्यापन, शारीरिक मापतौल हो चुका था।
शारीरिक दक्षता के लिए सोमवार को दौड़ शुरू हुई। महिला अभ्यर्थी सिर्फ कारागार पुलिस में आरक्षी पद के लिए दौड़ में शामिल हुईं। स्थानीय भर्ती बोर्ड में मुख्य नोडल अधिकारी छठी वाहिनी पीएसी की सेनानायक चारु निगम, नोडल अधिकारी 44वीं वाहिनी के उप सेनानयक देवेंद्र भूषण, एसपी ट्रैफिक जितेंद्र श्रीवास्तव, एसीएम सुनीता सिंह, सीओ पूनम सिरोही, डा. अखलाक अहमद सहित अन्य शामिल रहे।